महाराष्ट्र के बारामती में मंगलवार सुबह हुए विमान हादसे ने देशभर की राजनीति और पवार परिवार को गहरे शोक में डुबो दिया। इस हादसे में उपमुख्यमंत्री अजित पवार के निधन की खबर फैलते ही राज्यभर में माहौल गमगीन हो गया। इस हादसे में अजित पवार समेत पांच लोगों की मौत हो गई, जिसमें उनके निजी सुरक्षा अधिकारी विदीप जाधव भी शामिल है। एक तरफ जहां पूरा महाराष्ट्र अजित पवार के निधन की खबर से स्तब्ध है।
दूसरी ओर ठाणे के कलवा क्षेत्र के वितावा इलाके में बुधवार सुबह दुःख और सदमे की लहर दौड़ गई, जब यह खबर मिली कि अजित पवार के साथ-साथ उनके पीएसओ विदीप जाधव का भी इस विमान हादसे में निधन हो गया। अचानक हुए इस हादसे ने जाधव के परिवार को एक ऐसा दर्द दिया, जिसे शब्दों में बयां करना मुश्किल है।
लंबे समय से वितावा में रहते थें जाधव
विदीप जाधव लंबे समय से वितावा में रहते थे। उनके पीछे उनके परिवार में माता-पिता, 14 वर्षीय बेटी और 9 वर्षीय बेटा हैं। हादसे के समय उनके माता-पिता अपने पैतृक गांव में थे। खबर मिलते ही परिवार तुरंत बारामती के लिए रवाना हुआ। बता दें कि बता दें कि यह विमान हादसा सुबह 8.50 बजे हुआ। दुर्घटना इतनी भयानक थी कि विमान में सवार सभी लोगों की मौत हो गई।
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मिलनसार और सरल व्यक्ति थे जाधव
जाधव को लेकर उनके पड़ोसियों का कहना है कि विदीप जाधव बहुत ही मिलनसार और सरल व्यक्ति थे। उनके अचानक निधन से सभी सदमे में हैं। कृष्णा विहार की गली में पड़ोसियों ने बताया कि मैंने उन्हें सुबह 6.30 बजे काम पर जाते देखा। दो घंटे भी नहीं बीते थे कि खबर मिली कि वह अब नहीं रहे। यह सोचना भी मुश्किल था।
सदमे में हैं जाधव के पड़ोसी
इतना ही नहीं एक अन्य पड़ोसी ने बताया कि विदीप जाधव से उनका करीब तीन दशक पुराना संबंध था। उन्होंने हमेशा अपने मित्रवत व्यवहार से हमें प्रभावित किया। हमें कभी नहीं लगा कि यह आखिरी बार होगा जब हम उन्हें देखेंगे।
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पड़ोसियों से दोस्ताना व्यवहार रखते थें जाधव
जाधव के निधन के बाद उनके पड़ोसियों के बयान बताते हैं कि विदीप जाधव का निधन न केवल उनके परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है, बल्कि उनके पड़ोसियों और जानने वालों के लिए भी गहरे दुख का कारण बन गया है। उनके निधन से पूरे इलाके में शोक का माहौल है।
पड़ोसी ऋषिकेश ने कहा कि हमने उन्हें हमेशा सभी के साथ दोस्ताना व्यवहार करते देखा। आज हमने एक ऐसे व्यक्ति को खो दिया जो सबका प्रिय था। यह अपूरणीय क्षति है। वहीं पड़ोसी श्रुति वलिकर ने कहा कि यह बहुत दुखद है। उनके पीछे माता-पिता, पत्नी, बेटी और बेटा हैं। सरकार को परिवार को किसी तरह की आर्थिक मदद देनी चाहिए। दुर्घटना की जांच हो और जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए।