वॉट्सऐप ग्रुप नहीं चला सकेंगे सेना के लोग।
सुरक्षा कारणों से सेना ने अपनी सभी यूनिटों में व्हाट्सएप और फेसबुक जैसी सोशल साइटों पर ग्रुप को प्रतिबंधित कर दिया है। किसी भी यूनिट में कोई भी सैन्य अफसर और जवान को व्हाट्सएप ग्रुप नहीं चलाएंगे। सैन्य एरिया की अहम सूचनाएं लीक न हो पाएं इसलिए यह कदम उठाया गया है। सेना लगातार मानीटरिंग भी करा रही है।
पिछले साल बरेली के सैन्य स्थलों की जासूसी करने वाले आईएसआई एजेंट इजाज के पकड़े जाने के बाद से रक्षा और गृह मंत्रालय ने सेना को पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम करने के निर्देश दिए थे। इजाज के सेना क्षेत्र में घुसपैठ की बात सामने आयी थी और कुछ फोटोग्राफरों सहित कई संदिग्ध लोगों के उसके संबंधों की पुष्टि हुई थी। इजाज ने बरेली से भी कई तस्वीरें भेजी थी।
इसी कड़ी में उत्तर भारत एरिया मुख्यालय ने सोशल साइट्स के प्रयोग में सावधानी बरतने का आदेश दिया है। इस फरमान के बाद पहले सैनिकों द्वारा बनाए गए सारे व्हाट्सएप ग्रुप डिलिट कर दिए गए और अब कोई ग्रुप न तो उनकी ओर से बनाया जा रहा है न ही किसी बाहरी ग्रुप से वे जुड़ रहे हैं। सेना अपनी यूनिटों में स्मार्ट फोन के यूज की मानीटरिंग भी करा रही है। प्रमुख सैन्य स्थलों पर सुरक्षा के बेहद कड़े इंतजाम भी हैं ताकि कोई बाहरी उन तक पहुंच न सके। इस बारे में एडम कमांडेंट कर्नल एवी पांड्या ने कुछ भी बताने से इंकार कर दिया।