योग गुरु बाबा रामदेव ने असम में राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (एनआरसी) को भारत में अवैध प्रवासियों की संख्या को नियंत्रित करने में एक महत्वपूर्ण कदम बताया है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर उन्हें देश में रहने की इजाजत दे दी जाती है, तो वे देश के लिए 10 और कश्मीर जैसी समस्याएं पैदा करेंगे।
हरियाणा के रोहतक में एक कार्यक्रम के दौरान मीडिया से बात करते हुए रामदेव ने दावा किया कि वर्तमान में भारत में चार करोड़ अवैध प्रवासी हैं। उन्होंने मांग की है कि सभी अवैध घुसपैठियों को देश से निर्वासित किया जाना चाहिए।
बाबा रामदेव ने कहा कि चाहे वो बांग्लादेशी, पाकिस्तानी, रोहिंग्या या यहां तक कि अमेरिकी ही क्यों न हों, अवैध प्रवासियों ने हमेशा से भारत की सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा पैदा किया है और इस लिहाज से उन सभी को निर्वासित किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि हम एक ही कश्मीर को संभालने में सक्षम नहीं हैं और अगर रोहिंग्याओं को यहां रहने की इजाजत दे दी गई तो वो दस और कश्मीर जैसी समस्याएं पैदा करेंगे।
बाबा रामदेव ने यह भी कहा कि देश को ऐसे कानूनों की आवश्यकता है जो विशेष रूप से पिछड़े वर्गों में क्रीमी लेयर्स को परिभाषित करें, जिन्हें आरक्षण में शामिल नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि आज भी समाज में ऐसे कई वर्ग हैं जिन्हें आरक्षण की सख्त जरूरत है। लेकिन आर्थिक रूप से सुरक्षित लोग, चाहे वे किसी भी जाति या धर्म से संबंधित हों, उन्हें आरक्षण नहीं दिया जाना चाहिए।