अयोध्या राम जन्मभूमि मामले को लेकर पीस पार्टी ने मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट में क्यूरेटिव पिटिशन (सुधारात्मक याचिका) दायर की है। पुनर्विचार याचिकाओं के खारिज होने के बाद पीस पार्टी ने सुधारात्मक याचिका दायर करने का फैसला लिया है।
पीस पार्टी के अध्यक्ष डॉक्टर अय्यूब ने 9 नवंबर के फैसले पर दोबारा विचार की मांग की। उन्होंने कहा कि यह फैसला आस्था के आधार पर लिया गया था। गौरतलब है कि 12 दिसंबर को सुप्रीम कोर्ट ने पीस पार्टी समेत 19 पुनर्विचार याचिकाओं को खारिज किया था।
क्या होता है सुधारात्मक याचिका (सुधारात्मक याचिका
सुधारात्मक याचिका (क्यूरेटिव पिटीशन) एक कानूनी शब्द है। यह तब दाखिल किया जाता है जब किसी दोषी की राष्ट्रपति के पास भेजी गई दया याचिका और सुप्रीम कोर्ट में पुनर्विचार याचिका खारिज कर दी जाती है। इसमें फैसले की जगह पूरे केस में उन मुद्दों या विषयों को चिन्हित किया जाता है जिसमें उन्हें लगता है कि इन पर ध्यान दिए जाने की जरूरत है।
क्यूरेटिव पिटीशन पर भी सुप्रीम कोर्ट की पीठ सुनवाई कर सकता है या फिर उसे खारिज कर सकता है। इस स्तर पर फैसला होने के बाद केस खत्म हो जाता है और जो भी निर्णय आता है वही सर्वमान्य हो जाता है।