परमाणु ऊर्जा आयोग के अध्यक्ष केएन व्यास ने कहा कि भारत ने फ्रांस में आईटीईआर के साथ अपने सहयोग के रूप में भारत में निर्मित गर्म गैसों के लिए लगभग चार किमी क्रायोलाइन की सप्लाई की है।
भारत ने फ्रांस में आकार ले रही अंतरराष्ट्रीय थर्मोन्यूक्लियर प्रायोगिक रिएक्टर (आईटीईआर) परमाणु संलयन परियोजना के लिए चार किलोमीटर क्रायोलाइन की आपूर्ति की है। इसकी जानकारी परमाणु ऊर्जा आयोग के अध्यक्ष केएन व्यास ने बुधवार को दी।
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व्यास बुधवार को विएना में चल रहे 66वें अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे, इस दौरान उन्होंने कहा कि भारत ने फ्रांस में संलयन प्रौद्योगिकियों के क्षेत्र में विकास के लिए आईटीईआर के साथ अपने सहयोग के रूप में भारत में निर्मित गर्म गैसों के लिए लगभग चार किमी क्रायोलाइन की सप्लाई की है। साथ ही उन्होंने बताया कि यह क्रायोलाइन शून्य से 269 डिग्री सेल्सियस से शून्य से 193 डिग्री सेल्सियस नीचे के तापमान पर काम करने में सक्षम है।
व्यास ने कहा कि क्रायोलाइन और रिटर्न वार्मलाइन एक मीटर व्यास तक बड़े आकार के मामले में अपनी तरह की पहली प्रणाली है। बता दें कि अंतरराष्ट्रीय थर्मोन्यूक्लियर प्रायोगिक रिएक्टर (आईटीईआर) असीमित ऊर्जा के स्वच्छ स्रोत के रूप में परमाणु संलयन को प्रदर्शित करने के लिए सात देशों के बीच एक सहयोग है।