पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को इन सबके अलावा और भी बहुत सी चीजें प्रिय थीं। आपको बताते हैं अटलजी की और पसंदीदा चीजों के बारे में उन्हीं की जुबानीः
जीवन का उद्देश्य : जीवन के प्रत्येक रूप में अपना किरदार निष्ठापूर्वक निभाऊं और भारत को विश्व में एक महान राष्ट्र के रूप में प्रतिष्ठित होते देखूं।
सर्वाधिक प्रसन्नता का पल: जब मैंने संयुक्त राष्ट्र महासभा में हिंदी में भाषण दिया।
सर्वाधिक दुखद क्षण : जब मैंने अपने पिता को खोया।
अनन्य मित्र : एल. के. आडवाणी, भैरो सिंह शेखावत, एन. एम. घटाटे, जसवंत सिंह, डा. मुकुंद मोदी।
पसंदीदा पहनावा: 'धोती कुरता' और कभी-कभी पठानी सूट।
प्रिय रंग : नीला।
प्रिय स्थान : मनाली, अल्मोड़ा और माउंट आबू।
प्रिय भोजन : मछली और चीनी व्यंजन। 'खिचड़ी', 'खीर' और 'मालपुआ'।
दिल्ली में प्रिय भोजन-स्थल : 'परांठेवाली गली', और 'चुन्गवा'।
प्रिय गायक और वादक : भीमसेन जोशी (गायक), अमजद अली खान (सरोद वादक) और हरी प्रसाद चौरसिया (बांसुरी वादक)।
प्रिय गीत : एस. डी. बर्मन कृत "ओरे मांझी"...और मुकेश/लता मंगेशकर द्वारा गाया गया गीत "कभी-कभी मेरे दिल में"।
प्रिय गायक : लता मंगेशकर, मुकेश और मोहम्मद रफ़ी।
प्रिय फ़िल्में (हिंदी) : 'देवदास', 'बंदिनी' और 'तीसरी कसम'।
प्रिय फ़िल्में (अंग्रेजी) : 'ब्रिज ओवर रिवर क्वाई', 'बॉर्न फ्री' और 'गांधी'।
प्रिय कवि : सूर्यकांत त्रिपाठी निराला, बालकृष्ण शर्मा नवीन, जगन्नाथ प्रसाद मिलिंद हिंदी में और फैज़ अहमद फैज़ उर्दू में।
प्रिय खेल : हॉकी और फुटबॉल।