पांच राज्यों में चुनावी गहमागहमी के दौर में नेताओं से सवाल-जवाब के दौर भी जारी हैं। नए नए वादे किए जा रहे हैं और पुराने वादे याद दिलाए जा रहे हैं। इसी माहौल पर पेश है चुनिंदा काव्य पंक्तियां जो एक नेता की ख्वाहिश को बयां कर रही है।
कार / सरकार
नए-नए मंत्री ने
अपने ड्राइवर से कहा-
आज कार हम चलाएंगे।
ड्राइवर बोला-
हम उतर जाएंगे
हुज़ूर! चलाकर तो देखिए
आपकी आत्मा हिल जाएगी
ये कार है सरकार नहीं, जो
भगवान भरोसे चल जाएगी।
(शैल चतुर्वेदी)