असम सरकार ने चाय बागानों में काम करने वाले मजदूरों के दैनिक वेतन में इजाफा किया है। बुधवार को सीएम हिमंत बिस्वा सरमा द्वारा इन मजदूरों के दैनिक वेतन में 27 रुपये की बढ़ोतरी की है। बीते साल मई में राज्य की सत्ता में आने के बाद हिमंत सरकार ने दूसरी बार इस तरह की बढ़ोतरी की है। असम के एक अधिकारी ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सरकार द्वारा की गई ये वेतन वृद्धि एक अगस्त से लागू हो गई है।
चाय बागानों में काम करने वाले मजदूरों के वेतन में बढ़ोतरी का फैसला हिमंत बिस्वा सरमा और चाय संघों और श्रमिक संघों के प्रतिनिधियों के बीच हुई बैठक में लिया गया। सीएम हिमंत बिस्वा सरमा ने भी ट्वीट करके इसे मजदूरों के लिए अच्छी खबर बताया। उन्होंने कहा कि चाय बागान श्रमिकों का कल्याण उनकी पहली प्राथमिकता है। उन्होंने ट्वीट किया ‘यह बताते हुए खुशी हो रही है कि चाय संघों के साथ एक बैठक में, श्रमिकों के वेतन में 27 रुपये की वृद्धि करने का निर्णय लिया गया, जिससे ब्रह्मपुत्र घाटी और बराक घाटी में उनका दैनिक वेतन क्रमशः 232 रुपये और 210 रुपये हो गया।’ मुख्यमंत्री ने कहा कि चाय बागान श्रमिकों का कल्याण हमेशा उनकी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता रही है।
सीएम हिमंत बिस्वा ने बताया कि चाय बागान श्रमिकों के दैनिक वेतन में की गई इस नकद बढ़ोतरी के अलावा उन्हें राशन और अन्य लाभ भी मिलते रहेंगें।
बता दें कि भारतीय चाय बोर्ड के आंकड़ों के मुताबिक, साल 2021 में 66 करोड़ 77.3 लाख किलोग्राम चाय का उत्पादन असम ने किया था। इनमें से छोटे चाय बागानों में 31 करोड़ 11.2 लाख किलोग्राम चाय का उत्पादन हुआ था। देश में चाय का कुल उत्पादन 134 करोड़ 30.6 लाख किलोग्राम था।