कांग्रेस नेता सुष्मिता देव ने कहा कि यह एक आपराधिक कृत्य है और हम उम्मीदवार को तत्काल अयोग्य घोषित करने की मांग करते हैं। यह साफ है कि असम में भाजपा हार रही है यही कारण है कि चुनाव जीतने के लिए अवैध साधनों का उपयोग कर रही है, जो अस्वीकार्य है।
गुरुवार की रात जब ईवीएम मशीन को एक गाड़ी से पथराकांडी ले जाया जा रहा था, इसी दौरान भीड़ ने उस गाड़ी को रोक दिया, क्योंकि गाड़ी चुनाव आयोग से संबंधित नहीं थी। यह एक निजी गाड़ी थी। सूत्रों के मुताबिक, चुनाव आयोग के अधिकारियों की गाड़ी खराब हो गई थी, जिसके बाद अधिकारियों ने एक निजी गाड़ी कर ईवीएम मशीन को ले गई। वहीं, अब पता चला है कि वह गाड़ी भाजपा उम्मीदवार की थी। सूत्रों के मुताबिक, यह भी कहा जा रहा है कि ईवीएम ले जा रही गाड़ी पर हमला किया गया। इस मामले में अज्ञात व्यक्तियों पर प्राथमिकी दर्ज की गई है। सूत्रों ने बताया कि इस मामले में आगे की जांच की जा रही है, भीड़ के हमले के दौरान ईवीएम के साथ छेड़छाड़ नहीं की गई। वहीं, इस बीच खबर आ रही है कि चुनाव आयोग ने उक्त मामले में चार पोलिंग अफसरों सस्पेंड कर दिया है।
चुनाव आयोग की गाड़ी खराब हुई और भाजपा का उम्मीदवार गाड़ी लेकर पहुंच गया, कृष्णेंदु पाल की गाड़ी में चुनाव आयोग ईवीएम ट्रांसपोर्ट कर रहा था। चुनाव आयोग बताए कि आपको पूरे असम में भाजपा के उम्मीदवार की गाड़ी ही मिली? उन्होंने आगे कहा कि चुनाव आयोग ने रतबाड़ी में तो दोबारा मतदान के आदेश दे दिए हैं लेकिन ईवीएम तो पाथरकांडी के भाजपा उम्मीदवार कृष्णेंदु पाल की गाड़ी से मिली थी। चुनाव आयोग को देश को जवाब देना चाहिए कि भाजपा के जिस उम्मीदवार की गाड़ी से ईवीएम मिली थी, उसके खिलाफ क्या कार्रवाई हुई।