असम के कामरूप में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने एक जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि अंदर ही अंदर लड़ाई लगाना कांग्रेस पार्टी का काम है। असम और बंगाल के लोगों के बीच झगड़ा लगाना, अपर और लोअर असम के बीच झगड़ा लगाना, बोडो और नॉन बोडो के बीच झगड़ा लगाना, ट्राइब और नॉन ट्राइब के बीच झगड़ा लगाना राहुल बाबा की पार्टी की पहचान है।
अमित शाह ने कहा कि राहुल बाबा ने अपना घोषणापत्र बदरुद्दीन अजमल के अनुसार बनाया है। अजमल जैसे नेता के साथ, क्या कांग्रेस घुसपैठ रोक सकती है? अजमल की नजर सीमा पर है। अजमल, आप दिवास्वप्न क्यों देखते हैं, आपको कोई चाबी नहीं मिलेगी।
असम के कामरूप में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि अंदर ही अंदर लड़ाई लगाना उनका काम है। असम और बंगाल के लोगों के बीच झगड़ा लगाना, अपर और लोअर असम के बीच झगड़ा लगाना, बोडो और नॉन बोडो के बीच झगड़ा लगाना, ट्राइब और नॉन ट्राइब के बीच झगड़ा लगाना राहुल बाबा की पार्टी की पहचान है। अमित शाह ने कहा कि कामरूप जिला और हाजों के अंदर हमने 3740 गरीबों के मकान बनाए हैं, जिनमें 1200 से ज्यादा अल्पसंख्यक भाइयों के मकान हैं। प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत 1700 मकान बनाए गए हैं।
शाह ने कहा, हमने वादा किया है कि असम और नॉर्थईस्ट के बैंबू को कागज में और अन्य दूसरे उत्पादों में परिवर्तित करके असम की जनता को आत्मनिर्भर बनाने का काम करेंगे। असम के हर गांव में बैंकिंग सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। असम भारत का स्पोर्ट हब बनें, इसलिए 2038 के एशियाई खेलों के लिए गुवाहाटी को तैयार करने का काम किया जाएगा।
इससे पहले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने एक रैली में कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) असम को फिर से घुसपैठियों का अड्डा नहीं बनने देगी। उन्होंने एआईयूडीएफ प्रमुख बदरुद्दीन अजमल से कड़े शब्दों में कहा कि भाजपा पिछले पांच वर्षों के दौरान उनके द्वारा अतिक्रमण की गई जमीन को सफलतापूर्वक मुक्त कराने के बाद असम को फिर से घुसपैठियों का अड्डा नहीं बनने देगी।
अजमल ने कथित तौर पर दावा किया था कि राज्य में अगली सरकार के गठन का ताला और चाबी (एआईयूडीएफ का चुनाव चिह्न) उनके हाथ में है। इस पर तंज करते हुए, शाह ने कहा कि जनता तय करेगी कि असम में सरकार कौन चलाएगा। शाह ने चिरांग जिले के बिजनी में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए कहा कि कान खोल कर सुन लो अजमल, असम को घुसपैठियों का अड्डा फिर से नहीं बनने देंगे।