एआईएमआईएम के अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी पश्चिम बंगाल के चुनावी समर में उतर गए हैं। रविवार को चुनावी तालमेल के लिए हुगली पहुंचे ओवैसी ने ममता बनर्जी पर हमला बोलते हुए कहा कि हम पर अंगुली उठाने के बजाय वह अपनी हार पर मंथन करें।
उन्होंने भाजपा द्वारा लोकसभा की 18 सीटें छीन ले जाने पर भी ममता को आत्ममंथन करने की नसीहत दी। इस दौरान ओवैसी ने मुस्लिम उलेमा अब्बासुद्दीन सिद्दीकी के साथ बैठक कर बंगाल के राजनीतिक हालात पर चर्चा की।
सियासत का मैं लैला और मेरे कई मजनूं हैं : ओवैसी
ओवैसी ने टीएमसी के उस दावे को भी खारिज कर दिया कि उनकी पार्टी भाजपा की बी-टीम है और भाजपा विरोधी वोट काटती है। उन्होंने कहा कि हम एक सियासी दल हैं और पश्चिम बंगाल में चुनाव लड़कर अपनी उपस्थिति दर्ज कराएंगे। बैठक के बाद पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा, ‘भारत की सियासत का मैं लैला हूं और मेरे बहुत सारे मजनूं हैं, लेकिन उससे कोई फर्क नहीं पड़ता। हालांकि उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि राज्य में अकेले चुनाव लड़ेंगे या किसी के साथ गठबंधन करेंगे।
दरअसल पश्चिम बंगाल में बड़ी तादात में मुस्लिम मतदाता हैं और उसके सहारे ओवैसी राज्य में अपनी पैठ बनाना चाहते हैं। वहीं टीएमसी ने कहा कि उन्हें अच्छी तरह पता है कि यहां के मुसलमान बांग्ला भाषी हैं और वह ओवैसी का साथ नहीं देंगे, इसलिए वह अब्बास सिद्दीकी के साथ तालमेल करना चाहते हैं, लेकिन उसका कोई असर नहीं होगा।