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Arunachal Pradesh: एनडीसी प्रतिनिधिमंडल ने किया मेचुका घाटी का दौरा, जानी सीमा क्षेत्रों की चुनौतियां

Wed, 24 Sep 2025 11:22 PM IST
बशु जैन एन. अर्जुन, मेंचुका (अरुणाचल प्रदेश)

सार

राष्ट्रीय रक्षा कॉलेज (एनडीसी) के 65वें कोर्स के अंतर्गत अध्ययनरत 17 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल में सशस्त्र बलों के 8 वरिष्ठ अधिकारी, सिविल सेवाओं के 7 अधिकारी और मित्र देशों के 2 प्रतिनिधि शामिल थे। सदस्यों ने उच्च हिमालयी सीमा क्षेत्र की वास्तविक परिस्थितियों को समझा।
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मेचुका घाटी में एनसीडी प्रतिनिधिमंडल। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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राष्ट्रीय रक्षा कॉलेज (एनडीसी) के 65वें कोर्स के अंतर्गत अध्ययनरत 17 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने अरुणाचल प्रदेश की सामरिक दृष्टि से महत्त्वपूर्ण मेचुका घाटी का शैक्षणिक एवं रणनीतिक दौरा किया। इस दौरे का उद्देश्य वास्तविक रूप से एलएसी की परिस्थितियों को समझना और सीमा क्षेत्रों में राष्ट्रीय सुरक्षा संबंधी चुनौतियों पर गहन दृष्टि विकसित करना रहा।
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जानकारी के मुताबिक प्रतिनिधिमंडल में सशस्त्र बलों के 8 वरिष्ठ अधिकारी, सिविल सेवाओं के 7 अधिकारी और मित्र देशों के 2 प्रतिनिधि शामिल थे। यह विविधतापूर्ण संरचना एनडीसी के पाठ्यक्रम की उस विशेषता को दर्शाती है। इसमें साझा अध्ययन और विभिन्न क्षेत्रों के अनुभवों का आदान-प्रदान प्रोत्साहित किया जाता है।

इस दौरान सदस्यों ने उच्च हिमालयी सीमा क्षेत्र की वास्तविक परिस्थितियों को समझा। उन्हें सीमा प्रबंधन, अवसंरचना विकास और सामरिक तैयारियों की चुनौतियों एवं अवसरों की जानकारी दी गई। इस तरह का प्रत्यक्ष अनुभव एनडीसी की कक्षाओं में होने वाले अध्ययन को व्यावहारिक दृष्टि प्रदान करता है और अधिकारियों को उत्तरी सीमाओं की जटिलताओं को और करीब से समझने का अवसर देता है।
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यह दौरा एनडीसी की उस प्रतिबद्धता का प्रतीक है, जिसमें अधिकारियों को रणनीतिक समझ के साथ-साथ जमीनी हकीकतों से अवगत कराने पर बल दिया जाता है। भू-भाग, सामाजिक-सांस्कृतिक परिवेश और संचालनात्मक परिस्थितियों का प्रत्यक्ष अनुभव भविष्य में नीति निर्माण को अधिक व्यावहारिक बनाने और अंतरराष्ट्रीय सहयोग को सुदृढ़ करने में सहायक होगा।

इस पहल के माध्यम से भारत ने न केवल नेतृत्व क्षमता और अंतर-विभागीय समन्वय को मजबूत करने पर जोर दिया है, बल्कि सीमावर्ती क्षेत्रों की रणनीतिक महत्ता को भी रेखांकित किया है।
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