फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पत्थरबाज को मानव ढाल बनाने वाले मेजर के पक्ष में बोले सेना प्रमुख- उन्होंने सही फैसला किया

Wed, 24 May 2017 10:14 AM IST
amarujala.com- Presented by: हर्षित गौतम
विज्ञापन
- फोटो : AmarUjala
विज्ञापन
कश्मीर में पत्थरबाज को जीप के सामने बांधकर मानव ढाल बनाने वाले मेजर लिथुल गोगोई को दिए गए सम्मान का सेना प्रमुख ने बचाव किया है। आर्मी प्रमुख बिपिन रावत ने कहा कि सेना के जवान घाटी में विपरीत परिस्थितियों में काम करते हैं। इकनॉमिक टाइम्स की खबर के मुताबिक सेना की जिम्मेदारी है कि वो घाटी में हिंसा को कम करते हुए शांति कायम करे। किसी को इस तरह के फैसले को लेना था।
विज्ञापन


उन्होंने परिस्थितियों के मुताबिक सही वक्त पर सही फैसला किया, जिस वजह से उन्हें सम्मानित किया गया है। रावत ने कहा कि मैं ये समझता हूं कि अधिकारियों का मनोबल बढ़ाने के लिए इस तरह के फैसले की जरूरत थी, ये लोगों को संदेश देने के लिए नहीं किया गया था और मुझे नहीं लगता कि उन्होंने कुछ गलत किया।

वीरता का सम्मान दिए जाने के सवाल पर सेना प्रमुख ने कहा कि इस तरह के पुरस्कार 26 जनवरी या 15 अगस्त को ही दिए जाते हैं, लेकिन इस तरह की कार्रवाई के लिए तुरंत सम्मान दिए जाने की आवश्यकता थी। जवानों को रोज विपरीत परिस्थितियों में काम करना पड़ता है जहां इस तरह की घटनाएं रोज होती हैं।
विज्ञापन


सेना प्रमुख ने लेफ्टिनेंट गोगोई के खिलाफ जांच और कार्रवाई के सवाल पर कहा कि जांच घटना के वक्त तथ्यों की जांच के लिए होती है। मुझे लगता है कि परिस्थितियों के मुताबिक गोगोई ने कुछ भी गलत किया। अगर जांच में पाया जाता है कि उनसे कहीं चूक हुई है तो उनके खिलाफ कोई बड़ी कार्रवाई नहीं की जाएगी। हमारे पास इस तरह के हमलों को रोकने का कोई स्थाई समाधान नहीं है क्योंकि हमारे पास अस्थिर सीमाएं हैं। रावत ने पत्थरबाजों पर लगाम लगाने के सवाल पर कहा कि मैं पहले भी कह चुका हूं जो लोग पत्थरबाजी की घटनाओं में लिप्त हैं वो राष्ट-विरोधी हैं।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें