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आर्कबिशप ने भेजी पादरियों को चिट्ठी, लिखा- खतरे में है देश की धर्मनिरपेक्षता, भाजपा भड़की

Tue, 22 May 2018 10:42 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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देश में धर्मांधता बहुत तेजी से बढ़ी है। जिसकी वजह से देश में राजनीतिक स्थिति भी अशांत होती जा रही है। देश के बिगड़ते माहौल में दिल्ली के आर्क बिशप अनिल काउटो ने सभी चर्च के पादरियों को एक चिट्ठी लिखी है। इस चिट्ठी ने सियासी घमासान मचा दिया है। 
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आर्क बिशप ने अपने पत्र में सभी पादरियों से कहा है कि देश की  राजनीतिक स्थिति को अस्थिर बनी हुआ है। यही नहीं आर्कबिशप ने 2019 के आम चुनावों को देखते हुए पादरियों से प्रार्थना करने और शुक्रवार को उपवास रखने की अपील की है। उन्होंने अपने पत्र में लिखा है कि देश काफी नाजुक स्थिति से गुजर रहा है मौजूदा राजनीतिक माहौल हमारे देश के धर्मनिरपेक्षता के लिए खतरा बन गए हैं।
  

आर्कबिशप अनिल  का यह पत्र अब राजनीतिक तूल पकड़ता जा रहा है। 2019 के चुनाव के मद्देनजर प्रार्थना किए जाने की बात अब सियासी रंग ले रही है। अल्पसंख्य मामलों मंत्री एम ए नकवी ने कहा कि प्रधानमंत्री देश में धर्म और जात पर हो रहे भेदभाव को कम करने की दिशा में काम कर रहे हैं। हम उनसे सिर्फ प्रोग्रेसिव माइंडसेट के साथ आगे बढ़ने और सोचने की बात कह रहे हैं। 

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गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने इस मामले पर कहा है कि मैंने वह पत्र नहीं देखा है लेकिन मैं यह कहना चाहता हूं कि हमारा भारत चंद उन देशों में शामिल है जहा अल्पसंख्यक सुरक्षित हैं। उन्होंने कहा कि हमारे यहां धर्म और जात-पात के नाम पर किसी से भेदभाव नहीं किया जाता है। 

वहीं भाजपा नेता गिरिराज सिंह ने इस मामले को कीर्तन पूजा करने की सलाह दे डाली है। उन्होंने कहा कि हर क्रिया की एक प्रतिक्रिया होती है। उन्होंने कहा कि मैं ऐसा कोई कदम नहीं उठाना चाहूंगा जो सांप्रदायिक सद्भावना को किसी भी तरह से प्रभावित करे। लेकिन अगर चर्च लोगों से गुजारिश करता है कि आने वाले चुनाव में मोदी की सरकार न बने इसलिए  वह प्रार्थना करें तो मैं उनसे यह कहना चाहता हूं कि देश में दूसरे धर्म के लोग भी हैं जो कीर्तन पूजा करते हैं।  

वहीं इस पत्र पर दिल्ली के आर्कबिशप के सचिव फादर रॉबिन्सन ने कहा कि आर्कबिशप के पत्र में कुछ भी राजनीतिक बात नहीं थी और न ही उन्होंने सरकार और माननीय प्रधानमंत्री के खिलाफ ही कोई बात कही है। पत्र के बारे में गलत सूचना प्रचारित और प्रसारित की जा रही है। उन्होंने कहा कि उस पत्र में बस नियमित प्रार्थना की बात कही गई है और ऐसे पत्र पहले भी लिखे जा चुके हैं। 

बता दें कि पिछले दिनों कैथोलिक आर्क बिशप  अनिक काउटो ने लिखा है कि अपने देश और हमारे नेताओं के लिए हमें प्रार्थना करनी चाहिए यह हमारी प्रथा है, उन्होंने पत्र में आगे लिखा कि अब जब हमारे देश में अगले साल आम चुनाव होने वाले हैं और ऐसे में हमें देश के लिए प्रार्थना करने की जरूरत है। उन्होंने आगे लिखा है कि हम 2019 की ओर बढ़ रहे हैं हमारे देश में चुनाव होंगे तब हमारे पास नई सरकार होगी तो चलिए हम अपने देश के लिए प्रार्थना शुरू करते हैं। 
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