हत्या के आरोप में पिछले 27 साल से जेल में बंद सैन्यकर्मी की पत्नी की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट सुनवाई को तैयार हो गया है। अपनी याचिका में महिला ने कहा है कि उसका पति अपने दो सहकर्मियों की हत्या के आरोप में करीब तीन दशकों से जेल की सजा काट रहा है, जबकि कोर्ट मार्शल में अब तक उसकी मौत की सजा पर अंतिम फैसला नहीं हुआ है।
मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति दीपक मिश्रा और एएम खानविलकर ने लांस नायक देवेंद्र नाथ राय की पत्नी मिथिलेश राय की याचिका पर रक्षा मंत्रालय, सेना प्रमुख और अन्य को नोटिस भेजकर चार हफ्ते में जवाब मांगा है। लंबे समय से असमंजस में जेल में बंद 60 वर्षीय देवेंद्र राय की मानसिक स्थिति खराब हो गई है। उसे 1991 में जेनरल कोर्ट मार्शल द्वारा मौत की सजा सुनाई गई थी। केंद्र सरकार ने भी उस पर मुहर लगा दी थी।
राय ने उस फैसले को इलाहाबाद हाईकोर्ट में चुनौती दी। वर्ष 2000 में हाईकोर्ट ने दोषी ठहराये जाने को तो बरकरार रखा, लेकिन मौत की सजा को खारिज कर दिया था। केंद्र सरकार ने उस फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी। सुप्रीम कोर्ट ने 2006 में मामले को हाईकोर्ट को वापस कर दिया और उस पर नए सिरे से विचार करने को कहा। तब से यह मामला अटका हुआ है।