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एंटीलिया मामला : सचिन वाजे का बचना मुश्किल, एनआई के हाथ लगे पुख्ता सबूत, एटीएस ने भी मांगी कस्टडी

Sat, 20 Mar 2021 12:56 PM IST
Tanuja Yadav न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई

सार

  • महाराष्ट्र के एटीएस ने सचिन वाजे को हिरासत में लेने की मांग की
  • मनसुख हिरेन की मौत के मामले में पूछताछ को लेकर कस्टडी की मांग
  • 25 मार्च तक राष्ट्रीय जांच एजेंसी की हिरासत में रहेंगे सचिन वाजे
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सचिन वाजे - फोटो : ANI
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विस्तार
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महाराष्ट्र के आतकंवाद विरोधी दस्ते ने ठाणे के एक सेशन कोर्ट में सहायक पुलिस इंस्पेक्टर सचिन वाजे की कस्टडी की मांग की। एटीएस का कहना है कि व्यापारी मनसुख हिरेन की मौत को लेकर सचिन वाजे से पूछताछ करनी है, इसलिए उनकी कस्टडी की मांग की गई है। बता दें कि 25 फरवरी के दिन मुकेश अंबानी के घर के बाहर संदिग्ध स्कॉर्पियो में जिलेटिन की 20 छड़ें मिली थीं। जांच में पता चला कि ये स्कॉर्पियो व्यापारी मनसुख हिरेन की है। अब 30 मार्च को कोर्ट इस मामले की सुनवाई करेगी।

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एनआईए के पास सचिन वाजे के खिलाफ पुख्ता सबूत
एनआईए के सूत्रों के मुताबिक, इस बात के पुख्ता सबूत मिले हैं कि अंबानी के घर के बाहर पार्क की गई स्कॉर्पियो सचिन वाजे चलाकर लेकर आए थे। स्कॉर्पियो के पीछे जो इनोवा थी वो क्राइम इन्वेस्टिगेशन यूनिट की ही थी, जिसे कोई पुलिसकर्मी ही चला रहा था। एनआईए की जांच में यह साफ है कि वाजे ही स्कॉर्पियो चला रहे थे और बाद में इनोवा में बैठकर वहां से फरार हो गए। 

घटनास्थल पर सचिन वाजे को ले गई एनआईए
बता दें कि, शुक्रवार की रात एनआईए सचिन वाजे को एंटीलिया के बाहर घटनास्थल पर ले गई थी ताकि अपराध के दृश्य को फिर से बनाया जा सके। एनआईए ने वाजे को वहां एक-दो बार चलने के लिए कहा और एक बार पीपीई किट पहनकर चलने के लिए कहा। पुलिस अधिकारी ने बताया कि इस पूरे मामले की वीडियो रिकॉर्डिंग की गई। इसके अलावा अपराध वाली जगह पर पुलिस की तैनाती कर दी गई है। बता दें कि 25 फरवरी के दिन के सीसीटीवी फुटेज में एक शख्स पीपीई किट पहनकर चलता हुआ नजर आया था। 
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एटीएस ने वाजे की जमानत याचिका का विरोध किया
एटीएस ने गिरफ्तारी से पहले वाजे की जमानत याचिका का विरोध किया। एटीएस जानना चाहती है कि पांच मार्च की रात को मनसुख हिरेन के साथ क्या हुआ था। एटीएस ने अपनी याचिका में कहा कि वो 18-25 फरवरी के बीच स्कॉर्पियो की लोकेशन के बारे में जानना चाहती है। एटीएस ने मामले की एक विस्तृत रिपोर्ट एक सील लिफाफे में बंद करके कोर्ट में जमा कर दी है। 

एटीएस ने हिरेन का पोस्टमार्टम करने वाले कुछ डॉक्टर्स और मुंब्रा पुलिस स्टेशन के कुछ पुलिसकर्मियों के बयान भी दर्ज किए हैं, जिन्हें हिरेन का शव मिला था। इसी बीच, अनिल शुक्ला के नेतृत्व में बनी एनआईए टीम और पुलिस महानिरीक्षक मुंबई पुलिस मुख्यालय गए और नवनियुक्त पुलिस आयुक्त हेमंत नागराले से मुलाकात की। 

वाजे की वकील से अकेले में मुलाकात करने की याचिका रद्द
शुक्रवार को विशेष एनआईए कोर्ट के जज प्रशांत सितरे ने वाजे की उस याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें वाजे ने हिरासत के दौरान अपने वकील से अकेले में मुलाकात करने की मांग की थी। बता दें सचिन वाजे 25 मार्च तक राष्ट्रीय जांच एजेंसी की हिरासत में रहेंगे। 

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