भारतीय वायुसेना के गायब हुए विमान एएन-32 की खोज लगातार जारी है, लेकिन अभी तक इसका कोई सुराग राहत एवं बचाव दल को नहीं लग पाया है। 29 लोगों को ले जा रहे एएन-32 का पता लगाने के लिए राहत एवं बचाव दल ने अब उपग्रह के तस्वीरों की मांग की है।
उल्लेखनीय है कि 22 जुलाई को चेन्नई के तांबरम एयर बेस से सुबह 8.30 बजे पोर्ट ब्लेयर के लिए उड़ान भरने वाले एएन-32 विमान से बंगाल की खाड़ी के ऊपर से गुजरते समय संपर्क टूट गया था। एक वरिष्ठ रक्षा अधिकारी ने कहा, ‘अभी तक विमान का कोई पता नहीं चल पाया है।’
नौसेना और तटरक्षक के एक पनडुब्बी सहित कम से कम 18 जहाज और पी 81, सी 130 और डोनियर्स जैसे आठ विमान चौबीसों घंटे एएन-32 विमान की खोज में लगे हुए हैं। खराब मौसम खोज अभियान के लिए सबसे बड़ी चुनौती है। अधिकारी अब इस क्षेत्र के उपग्रह के तस्वीरों की मांग कर रहे हैं।
पूर्वी नौसेना कमान के प्रमुख वाइस एडमिरल एचसीएस बिष्ट ने विशाखापट्टनम में कहा, ‘सभी संसाधनों का इस्तेमाल करते हुए एएन-32 को खोजने का अभियान चौबीसों घंटे लगातार जारी है। हमने उपग्रह से प्राप्त सूचनाएं भी मांगी हैं।
वहां पानी की गहराई लगभग 3,500 मीटर है और कुछ जगहों पर तो इससे भी अधिक है। पानी की गहराई बढ़ने के साथ ही चुनौतियां भी बढ़ती हैं।’ उन्होंने कहा कि विमान पर सवार लोगों के परिवार के सदस्यों को नियमित आधार पर जानकारी दी जा रही है।
एएन-32 के गायब होने की औपचारिक शिकायत दर्ज
वायुसेना अधिकारियों ने एएन-32 विमान के गायब होने की औपचारिक शिकायत तमिलनाडु पुलिस को दर्ज कराई है। रविवार को एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, ‘हमें यह शिकायत मिली है कि वायुसेना का एएन-32 परिवहन विमान गायब हो गया है। यह शिकायत शनिवार रात को सेलाइयुर थाने में दर्ज कराई गई।’