सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को आम्रपाली मामले में रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (आरबीआई) से एक अधिकारी नियुक्त करने को कहा जो कोर्ट रिसीवर और फंडिंग करने वाले बैंकों के साथ समन्वय स्थापित करेगा। इसके पीछे मकसद यह है कि बैंकों द्वारा आम्रपाली प्रोजेक्ट के फंडिंग में आ रहे व्यवधान का निपटारा किया जा सके।
सुप्रीम कोर्ट ने दिया अधिकारी तैनात करने का निर्देश
जस्टिस यूयू ललित और जस्टिस अशोक भूषण की पीठ ने पिछली सुनवाई में आरबीआई से पूछा था कि बैंकों के समूह द्वारा की गई फंडिंग में उनका कोई विनियमन है या नहीं। जिस पर आरबीआई ने कहा था कि बैंक स्वतंत्र हैं और वह फंडिंग कर सकते हैं। पीठ ने आरबीआई को अगली तारीख पर यह रिकॉर्ड पर लाने के लिए कहा था कि बैंकों द्वारा आम्रपाली प्रोजेक्ट को फंडिंग के लिए जो निर्देश अदालत जारी करेगी, उसमें उनका कोई विनियमन आड़े तो नहीं आएगा।
आरबीआई ने मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट को बताया, आरबीआई बैंकों को फंडिंग के बारे में विनियमित नहीं करता। कोर्ट रिसीवर ने बताया कि आरबीआई को निगरानी करने का अधिकार है। जिसके बाद पीठ ने कोर्ट रिसिवर और बैंकों के समूह के साथ समन्वय स्थापित करने के लिए आरबीआई को एक वरिष्ठ अधिकारी नियुक्त करने के लिए कहा। ये सभी मिलकर रोडमैप तैयार करेंगे और बताएंगे कि कैसे प्रोजेक्ट की फंडिंग में आ रही अड़चनों को दूर किया जा सकता है। अगली सुनवाई 29 अक्तूबर को होगी।