प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जीवन पर लिखी गई किताब मोदी@20 ड्रीम्स मीट डिलीवरी में गृहमंत्री अमित शाह ने पीएम मोदी की खूब तारीफ की है। उन्होंने इसमें लिखा है कि पीएम मोदी अब 'राष्ट्रीय नेता' होने के अर्थ और उसके मायने का खाका तैयार कर रहे हैं। उन्होंने लिखा कि यह लेबल पहले बिना किसी सिद्ध योग्यता के केवल सक्षम राजनेताओं को दिया गया था। जो एक या दो सुरक्षित लोकसभा सीटों से हमेशा चुनाव जीतते थे।
पीएम मोदी के जीवन पर लिखी गई ये पुस्तक बुद्धिजीवियों और विशेषज्ञों द्वारा लिखे गए अलग-अलग वक्तव्यों का संकलन है। इसे ब्लूक्राफ्ट डिजिटल फाउंडेशन द्वारा संपादित और संकलित किया गया है। वहीं रूपा पब्लिकेशन इसे प्रकाशित करेगा। 11 मई को लॉन्च होने वाली पुस्तक "मोदी@20 ड्रीम्स मीट डिलीवरी" में लिखते हुए अमित शाह ने कहा कि इस तरह के राष्ट्रीय नेताओं के सहज और कपटपूर्ण कामों को मोदी द्वारा भाजपा के सत्ता में आने के बाद दिखाया गया था। उन्होंने लिखा कि 2019 में बड़े अंतर के साथ जीत का करिश्मा दोहराने से पहले नरेंद्र मोदी ने 2014 में अपनी सबसे बड़ी लोकसभा जीत हासिल की थी।
प्रधानमंत्री के विश्वासपात्र शाह ने लिखा है कि एक नेता सामान्य स्थानों की यात्रा करने, सामान्य परिवारों से मिलने, सामान्य अनुभव साझा करना और यह सब सामान्य तरीकों से करने से सबसे ज्यादा सीखता है। उन्होंने लिखा कि नरेंद्र मोदी ने पिछले 75 वर्षों में किसी भी राजनेता की तुलना में ज्यादा दृढ़ता के साथ ऐसा किया है। उन्होंने कहा कि 1952 से 1984 के बीच पार्टियों और प्रधानमंत्रियों ने स्वतंत्रता आंदोलन की सद्भावना, पारिवारिक विरासत, सत्ताधारी के खिलाफ गुस्से (1977) के आधार पर बहुमत हासिल किया।
शाह ने लिखा, अब हर कोई मानता है कि 2014 में हुए चुनाव भारतीय राजनीति के इतिहास में सबसे निर्णायक बदलाव थे। मोदी की अपील को राज्य के चुनावों में भाजपा की जीत में एक प्रमुख कारक के रूप में देखा जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी राज्य के अभियानों, मुद्दों पर भी बात करते हैं और उन पर भी काम करते हैं।
अमित शाह ने लिखा है कि पीएम मोदी केवल कार्यक्रमों और रैलियों के लिए एक शुभंकर नहीं है। वह स्थानीय राजनीति की गहरी समझ और राज्य की भाजपा इकाइयों और नेताओं की चिंताओं के पूरक हैं। वे अन्य दलों के कथित राष्ट्रीय नेताओं से बहुत अलग हैं।
गृह मंत्री अमित शाह ने पुस्तक में अपने अध्याय ‘लोकतंत्र, वितरण और आशा की राजनीति’ का समापन इस दावे के साथ किया कि मोदी का सफर अब तक पूरा नहीं हुआ है। उनका दशक अभी शुरू हुआ है। देखें कि यह नरेंद्र मोदी को कहां ले जाता है, मोदी बीजेपी को कहां ले जाते हैं और बीजेपी और मोदी भारत को कहां ले जाते हैं।
यह पुस्तक पीएम मोदी के पिछले 20 वर्षों के राजनीतिक जीवन को दर्शाती है, जिसमें गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में उनके कार्यकाल से लेकर भारत के प्रधान मंत्री तक शामिल हैं और इसे उद्योग और राजनीति के प्रख्यात बुद्धिजीवियों और व्यक्तित्वों द्वारा संकलित किया गया है।
पुस्तक में योगदान देने वालों में सुधा मूर्ति, सद्गुरु, नंदन नीलेकणी, गृह मंत्री अमित शाह, विदेश मंत्री एस जयशंकर, दिवंगत महान गायिका लता मंगेशकर, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल, उद्योगपति उदय कोटक, अभिनेता अनुपम खेर, बैडमिंटन स्टार पीवी सिंधु और पीएम के पूर्व प्रधान सचिव नृपेंद्र मिश्रा शामिल हैं।
दो दिन के असम दौरे पर अमित शाह
अमित शाह सोमवार से दो दिन के दौरे पर असम जा रहे हैं। इस दौरान वह भारत-बांग्लादेश सीमा का दौरा करेंगे। साथ ही नेशनल फोरेंसिक साइंसेज यूनिवर्सिटी का उद्घाटन करेंगे। इसके अलावा वह हिमंत बिस्व सरमा सरकार के एक साल पूरा होने के जश्न में शिरकत भी करेंगे। अधिकारियों ने कहा कि शाह सोमवार को मनकाचर स्थित बॉर्डर आउट पोस्ट जाकर अपने दौरे की शुरुआत करेंगे। वह अंतरराष्ट्रीय सीमा पर तैनात बीएसएफ जवानों से बातचीत भी करेंगे। इसके बाद वह बीएसएफ के सेंट्रल स्टोर और वर्कशॉप का उद्घाटन करेंगे। साथ ही तामूलपुर में खादी एवं ग्राम उद्योग के उत्पादों को लॉन्च करेंगे। सोमवार शाम को गुवाहाटी के नजदीक अमीनगांव में एसएसबी बिल्डिंग और जनगणना कार्यालय का उद्घाटन करेंगे। वह गुवाहाटी में सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल और नेशनल फोरेंसिक साइंसेज यूनिवर्सिटी का भी उद्घाटन करेंगे। गृहमंत्री मंगलवार को असम पुलिस की परेड का निरीक्षण करेंगे। असम पुलिस हेडक्वार्टर में वह राज्य पुलिस के अधिकारियों और जवानों से मुलाकात करेंगे और लंच करेंगे। दोपहर में वह हिमंत बिस्व सरमा सरकार के एक साल पूरा होने के जश्न में शामिल होंगे।