बीते सोमवार से समाजवादी पार्टी में घमासान मचा हुआ है। यूपी के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने पहले अपने कैबिनेट के दो मंत्रियों गायत्री प्रसाद प्रजापति और राजकिशोर सिंह को हटाया तो इसके एक दिन बाद मुख्य सचिव दीपक सिंघल को भी पद से हटा दिया। ये सभी अखिलेश के चाचा और वरिष्ठ कैबिनेट मंत्री शिवपाल यादव के करीबी माने जाते हैं।
इन चीजों के सामने आने के बाद सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव ने अखिलेश को यूपी प्रदेश अध्यक्ष के पद से हटाते हुए यह जिम्मेदारी शिवपाल यादव को दे दी। हालांकि, इसके कुछ देर बाद ही अखिलेश ने शिवपाल यादव को दिए कई महत्वपूर्ण मंत्रालय वापस ले लिए।
इसके बाद से देश के इस सबसे बड़े राजनीतिक कुनबे की घरेलू लड़ाई सतह पर दिखाई दे रही है। हालांकि, अखिलेश और शिवपाल दोनों ही मुलायम सिंह यादव को निर्णायक की भूमिका में मान रहे हैं और उनके सभी निर्देशों का पालन करने की बात कह रहे हैं।
इस टकराव को देखते हुए अमर उजाला ने अपने पाठकों से एक सर्वेक्षण कराते हुए सवाल पूछा कि समाजवादी पार्टी में छिड़े सत्ता संग्राम के लिए वे किसे जिम्मेदार मानते हैं?
हमारे तकरीबन 46 फीसदी पाठकों ने इस संग्राम के लिए शिवपाल यादव को जिम्मेदार माना। वहीं, 33 फीसदी लोगों ने इसके लिए मुलायम सिंह यादव को जिम्मेदार माना। साथ ही 21 फीसदी लोगों ने इसके लिए अखिलेश यादव को जिम्मेदार ठहराया।