दशहरे के दिन अमृतसर में हुए हृदय विदारक रेल हादसे की सूचना ने पूरे देश को झकझोर कर रखा दिया। इस घटना में मरने वालों की 60 से अधिक है। इसके बाद भी कोई इस घटना की जिम्मेदारी नहीं ले रहा है।
रेलवे का मानना है कि संबंधित लोग घटना स्थल से 340 मीटर दूर बने लेवल क्रॉसिंग (फाटक) नंबर सी-27 से रेल पटरियों पर अनाधिकृत रूप से घुसे थे और पटरियों पर खडे़ होकर रावण दहन देख रहे थे। वहां से गुजरती ट्रेन लगातार हार्न बजा रही थी, लेकिन रावण के पुतलों में लगे पटाखों की गूंज में लोगों ने ट्रेन के हार्न को नहीं सुना। इस वजह से यह हादसा हुआ।
इसके साथ ही रेलवे ने यह भी तर्क दिया कि हावड़ा एक्सप्रेस से पहले एक डीएमयू ट्रेन भी वहां से गुजरी थी, इसलिए डीएमयू ट्रेन के लिए लिए बाकायदा फाटक नंबर सी-27 को बंद कर ट्रैफिक रोक दिया गया था। लिहाजा इस फाटक से किसी की भी एंट्री रेलवे की ओर से अवैध थी।
इन तमाम बातों को सुनने के बाद अमर उजाला डॉट कॉम ने एक पोल किया, जिसमें लोगों से "क्या भारतीय रेलवे आधुनिकता, सुरक्षा और विकास से अब भी कोसों दूर है?" एक सवाल पूछा गया था। इस पोल में लोगों ने बढ़चढ़ हिस्सा लिया।
इस सवाल पर 3074 वोट आए हैं, जिसपर 85.39 प्रतिशत यानि 2625 वोट "हां" में आया है, वहीं 14.61 प्रतिशत यानि 449 वोट "ना" में आए हैं। इस बात से अंदाजा लगाया जा सकता है कि इस घटना का जिम्मेदार कौन हो सकता है।