शाहरुख खान को अमेरिकी एयरपोर्ट पर रोके जाने के जाने के बाद विवाद बढ़ गया। हालांकि, भारत में अमेरिका के राजदूत ने इसके लिए अमेरिका की तरफ से माफी मांगी। इसके बाद अमर उजाला ने अपने पाठकों से शाहरुख को रोके जाने के कारण के बारे में राय मांगी थी।
हमारा सवाल था कि क्या शाहरुख की जांच को अमेरिकी चुनाव में धर्म को लेकर हो रही टिप्पणी से देखा जा सकता है? इस पर ज्यादातर लोगों की राय है कि शाहरुख की जांच अमेरिकी चुनाव से प्रभावित नहीं है। वहीं, कुछ लोगों का मानना है कि यह जांच अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव से प्रेरित है।
बताते चलें कि इस बार अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव में धर्म आधारित टिप्पणियां की जा रही हैं। रिपब्लिकन उम्मीदवार ट्रंप यह चुनाव राष्ट्रवाद के नारे के साथ लड़ रहे हैं। अपने चुनाव प्रचार के दौरान वह कई बार धर्म आधारित टिप्पणी कर चुके हैं। तीन दिन पहले ही डोनाल्ड ट्रंप ने राष्ट्रपति ओबामा पर आरोप लगायाा था कि उन्होंने पश्चिम एशिया से यूरोपीय शहरों तक कहर बरसाने वाले इस्लामिक स्टेट की स्थापना की है। इस दौरान ट्रंप ने राष्ट्रपति का पूरा नाम, 'बराक हुसैन ओबामा' लेते हुए उनके बारे में बात की थी।
बताते चलें कि 50.42% पाठकों ने कहा कि शाहरुख की जांच चुनावी मामला नहीं है। जबकि, 41.86% लोगों का कहना है कि ऐसा हो सकता है। वहीं, 7.71% लोगों का कहना है कि वह इस बारे में कुछ नहीं कह सकते।