15 नवंबर तक टेनरी संचालकों को अपनी स्थिति स्पष्ट करने को कहा गया है। मुख्य सचिव ने कहा कि अभी गंगा किनारे जाजमऊ में जिस ट्रीटमेंट प्लांट की मरम्मत का काम चल रहा है, उसमें गिरने वाले नालों को बंद करने के बाद सिर्फ टेनरियों का कचरा ही शोधित होगा। ऐसी स्थिति में प्रदूषण नियंत्रण की टीम प्लांट और टेनरियों का निरीक्षण करेगी। उसके बाद फिर से टेनरी संचालकों के साथ सरकार बात करने के लिए बुलाएगी।
हरिद्वार से इलाहाबाद के बीच गंगा किनारे ये औद्योगिक इकाइयां स्थापित
पेपर मिल, शुगर मिल, डिस्टलरी (शराब की फैक्ट्री), डाइंग इंडस्ट्री, बैट्री उद्योग
इन शहरों में ज्यादा औद्योगिक इकाइयां
बिजनौर, मुजफ्फरनगर, मेरठ, मुरादाबाद, फर्रुखाबाद, बिठूर कानपुर और इलाहाबाद