महाराष्ट्र में मराठा आरक्षण की मांग के बीच उपमुख्यमंत्री अजित पवार ने जाति गणना का समर्थन करते हुए कहा कि राज्य में बिहार की तर्ज पर राज्य में यह गणना होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि इससे जातियों के सटीक आंकड़े सामने आ जाएंगे। वहीं, उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि ओबीसी गणना की मांग का कोई विरोध नहीं है।
उपमुख्यमंत्री पवार ने सोलापुर में कहा कि जातिगत गणना से तस्वीर साफ होगी। उन्होंने कहा कि मनोज जरांगे पाटिल मराठा आरक्षण के लिए राज्यभर में सभाएं कर रहे हैं। संविधान ने सभी को जनसभा या आंदोलन करने का अधिकार दिया है। अगर गणना जाति के आधार पर की जाए तो किसकी कितनी आबादी है, इसकी तस्वीर साफ हो जाएगी और बजट में उन जातियों को योजनाएं दी जा सकती हैं। इसलिए बिहार की तरह एक बार जातिवार गणना कराए जाने की जरूरत है। साल 2011 के बाद 2021 में यह गणना जरूरी थी, हालांकि यह नहीं हो पाई। अजित पवार ने दोहराया कि मराठा समाज को टिकाऊ आरक्षण देंगे।