एयर इंडिया के वरिष्ठ पायलट अरविंद कठपालिया के फ्लाइंग लाइसेंस को तीन सालों के लिए रद्द कर दिया गया है। कठपालिया 11 नवंबर को उड़ान ड्यूटी से पहले शराब जांच में विफल पाए गए थे। जिसके बाद एयर इंडिया ने उन्हें उस दिन उड़ान ड्यूटी से हटा दिया था। अब उनसे हवाई अड्डे पर कभी भी आने-जाने की आजादी छीनी जा सकती है। नागर विमानन मंत्रालय ने कठपालिया के एयरपोर्ट एंट्री पास को रद्द करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
नागरिक उड्डयन सुरक्षा ब्यूरो (बीसीएएस) जो एयरलाइन के कर्मचारियों और क्रू सदस्यों को पास जारी करता है उसने एयर इंडिया से कहा है कि वह कठपालिया का पास सरेंडर करे। जिसके जरिए उन्हें हवाई अड्डों और हवाई अड्डों के क्षेत्र में जाने की इजाजत होती है। बीसीएएस अधिकारी ने कहा, 'हमने एयर इंडिया से कहा है कि उनका पास जमा करवाएं क्योंकि वह अब लाइसेंस धारक नहीं हैं। यह पास सिर्फ उन लोगों को जारी होता जिसके पास कमर्शियल पायलट का लाइसेंस होता है।'
अधिकारी ने आगे कहा, 'एयरलाइन के वरिष्ठ सदस्य जो हवाई अड्डे का मुआयना करने आते हैं उन्हें भी यह पास जारी किया जाता है। लेकिन कठपालिया के मामले में वह एयर इंडिया बोर्ड के सदस्य नहीं हैं तो उन्हें हवाई अड्डे के अंदर आने की इजाजत नहीं दी जाएगी। वह केवल यात्री के तौर पर अंदर आ सकते हैं। जब तक एयरलाइन उनके पास को हमारे पास जमा करवाती है तब तक हमने हवाई अड्डों से कहा है कि वह उन्हें आने की इजाजत न दें। बेशक वह हवाईअड्डा पर एंट्री पास क्यों न दिखाएं।'
कठपालिया को डायरेक्टर ऑपरेशंस के पद से 13 नवंबर को हटा दिया गया था। रिपोर्ट्स के मुताबिक कैप्टन अमिताभ सिंह को उनके स्थान पर डायरेक्टर ऑपरेशंस का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। उल्लेखनीय है कि इससे पहले नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने उनका लाइसेंस 3 साल के लिए निलंबित कर दिया था। कठपालिया 11 नवंबर रविवार को उड़ान ड्यूटी से पहले शराब जांच में विफल पाए गए थे। एयर इंडिया ने कठपालिया को उसी दिन उड़ान ड्यूटी से हटा दिया था। एयरलाइन ने उनके खिलाफ सतर्कता जांच का भी आदेश दिया है।
एयर इंडिया के प्रवक्ता ने कहा कि चूंकी कठपालिया के पास अब कोई विभाग नहीं है इसलिए उनके एंट्री पास को बीसीएएस के पास जमा करवा दिया जाएगा। उन्हें आधिकारिक उद्देश्यों के लिए एयरपोर्ट जाने की इजाजत नहीं दी जाएगी। नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने 56 साल के एयर इंडिया के पायलट का लाइसेंस तीन साल के लिए 12 नवंबर को रद्द कर दिया था। डीजीसीए के नियम 24 के तहत चालक दल का कोई सदस्य उड़ान के 12 घंटे पहले तक शराब नहीं पी सकता।