फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

गुरुग्राम : मीट की दुकानें बंद करने के फैसले पर भड़के ओवैसी, पूछा- क्या शुक्रवार को बंद रहेंगी शराब की दुकानें?

Sat, 20 Mar 2021 08:30 AM IST
Tanuja Yadav न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गुरुग्राम

सार

  • गुरुग्राम में हर मंगलवार को मीट की दुकान बंद रहेंगी, नगर निगम का फैसला 
  • फैसले पर भड़के ओवैसी, पूछा - क्या शुक्रवार को शराब की दुकानें करेंगे बंद
  • लाखों भारतीयों का खाना है मीट, इसे अशुद्ध की तरह नहीं देखा जा सकता - ओवैसी
विज्ञापन
AIMIM chief Asaduddin Owaisi - फोटो : ANI
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

गुरुग्राम में अब हर मंगलवार को मीट की दुकानें बंद रहेंगी। गुरुग्राम नगर निगम के इस फैसले पर एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने पलटवार किया है। एक ट्वीट में ओवैसी ने कहा कि मीट लाखों भारतीयों का खाना है और इसे किसी अशुद्ध सामान की तरह नहीं देखा जा सकता है। 

विज्ञापन


हाल ही में गुरुग्राम नगर निगम की हुई सामान्य बैठक में यह फैसला लिया गया कि मंगलवार को शहर में सभी मीट की दुकानें बंद रहेंगी। मीडिया रिपोर्ट्स की माने तो यह बैठक के एजेंडे का हिस्सा नहीं था लेकिन कथित तौर पर कुछ पार्षदों की ओर से हिंदू भावनाओं के आहत होने का हवाला दिए जाने के बाद यह फैसला लिया गया। 

इस फैसले पर सवाल खड़े करते हुए ओवैसी ने ट्वीट किया कि कोई भी शख्स अपनी निजी जिंदगी में क्या कर रहा है, इस पर किसी की धार्मिक भावनाएं कैसे आहत हो सकती हैं। लोग मीट खरीद, बेच और खा रहे हैं, वो आपको जबरदस्ती हिस्सा लेने के लिए मजबूर नहीं कर रहे हैं। औवेसी ने आगे कहा कि इस तर्क के आधार पर शुक्रवार को शराब की दुकानें बंद होनी चाहिए। मांस लाखों भारतीयों का खाना है और इसे किसी अशुद्ध सामान की तरह नहीं देखा जाना चाहिए।
विज्ञापन




मंगलवार को गुरुग्राम नगर निगम की सामान्य बैठक में यह फैसला लिया गया। गुरुग्राम की मेयर मधु आजाद ने कहा कि नगर निगम के तहत आने वाली सभी मीट की दुकानें मंगलवार को बंद रहेंगी। हालांकि बैठक में एमसीजी आयुक्त विनय प्रताप ने कहा कि भोजन एक स्वतंत्र विकल्प है। 

इसके बाद भी निगम की बैठक में यह प्रस्ताव पास हो गया। एक मीडिया संस्थान से बात करते हुए विनय प्रताप ने कहा कि मेरे विचार में, खाना एक स्वतंत्र प्रक्रिया है। मैं खाता हूं, मेरी पत्नी नहीं खाती, ये हमारी स्वतंत्र सोच है, इसके लिए हम एक-दूसरे को मजबूर नहीं कर सकते। मांस की दुकान बंद करने के अलावा नगर निगम ने दुकान की लाइसेंस फीस को पांच हजार रुपये से बढ़ाकर 10,000 रुपये करने का फैसला किया है। 

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें