एअर इंडिया विमान हादसा
- फोटो : पीटीआई
एअर इंडिया ने किया मुआवजा और सहायता का एलान
हादसे के बाद एअर इंडिया की मूल कंपनी टाटा संस ने मृतकों के परिजनों को एक करोड़ रुपये का मुआवजा देने की घोषणा की। इसके अलावा, एअर इंडिया ने 25 लाख रुपये का अंतरिम मुआवजा भी देना शुरू किया। इसके सात ही एअर इंडिया ने प्रशिक्षित मनोवैज्ञानिकों की टीम भेजी है जो पीड़ित परिवारों को मानसिक सहयोग दे रही है।
एक दिन बाद शुरू हुई हादसे की जांच
हादसे के बाद देशभर में चर्चा तेज थी कि इतने बड़े हादसे का कारण क्या है। ऐसे में 13 जून को हादसे की जांच के लिए एयरक्राफ्ट एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (एएआईबी) ने एक बहुविशेषज्ञ टीम गठित की। साथ ही केंद्र सरकार ने गृह मंत्रालय के सचिव की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय समिति बनाई, जो इस हादसे के कारणों की जांच और भविष्य के लिए सुरक्षा गाइडलाइंस सुझाएगी। इतना ही नहीं मामले में डीजीसीए ने भी एअर इंडिया की बोइंग 787 फ्लीट की गहन सुरक्षा जांच के आदेश दिए। इसके साथ ही एअर इंडिया ने अपनी बोइंग 777 विमानों की भी विशेष जांच शुरू की।
ये भी पढ़ें:- Ahmedabad Plane Crash: एअर इंडिया विमान हादसे का 'कारण' पता लगा, AAIB की प्रारंभिक रिपोर्ट की पांच बड़ी बातें
ब्लैक बॉक्स (सांकेतिक तस्वीर)
- फोटो : AI
ब्लैक बॉक्स की बरामदगी और जांच
हादसे के कारण को लेकर विमान में लगाए जाने वाले पहले ब्लैक बॉक्स की बरामदगी 13 जून को संभवत: एफडीआर एक इमारत की छत से हुई। इसके बाद 16
जून को दूसरा ब्लैक बॉक्स संभवत सीवीआर मलबे में से मिला। इसके बाद दोनों ब्लैक बॉक्सों को 24 जून को भारतीय वायु सेना (आईएएफ) के विमान से सुरक्षा के साथ दिल्ली लाया गया।
ये भी पढ़ें:- AAIB Report: उड़ान के तीन सेकेंड बाद बंद हुई ईंधन आपूर्ति, 29 सेकेंड में विमान क्रैश; जांच रिपोर्ट में खुलासा
पहला बॉक्स दोपहर दो बजे एएआईबी लैब दिल्ली पहुंचा। वहीं दूसरा बॉक्स शाल के लगभग पांच बजकर 15 मिनट पर पहुंचा। 24 जून से ब्लैक बॉक्स का डेटा एक्सट्रैक्शन शुरू हुआ। इसके बाद 25 जून को पहले ब्लैक बॉक्स से क्रैश प्रोटेक्शन मॉड्यूल (सीपीएम) सुरक्षित निकाला गया और उसका मेमोरी मॉड्यूल सफलतापूर्वक पढ़ा गया।
एअर इंडिया विमान हादसा
- फोटो : अमर उजाला
अब सामने आया प्रारंभिक रिपोर्ट, हुए कई खुलासे
हादसे के एक महीने के बाद एएआईबी ने 15 पन्नों की प्रारंभिक रिपोर्ट जारी की है। रिपोर्ट में बताया गया कि टेकऑफ के कुछ ही सेकंड के बाद दोनों इंजनों के फ्यूल कटऑफ स्विच बंद हो गया। ये स्विच एक-दूसरे के बीच सिर्फ एक सेकंड के अंतर में बंद हुए। इतना ही नहीं रिपोर्ट में इस बात का भी जिक्र है कि जब इंजन बंद हुआ तो उस वक्त एक पायलट ने दूसरे से पूछा कि तुमने स्विच बंद क्यों किया? दूसरा पायलट कहता है कि मैंने बंद नहीं किया।
दूसरा इंजन नहीं हो सका शुरू
रिपोर्ट में ये भी बताया गया कि विमान के इंजन बंद होते ही विमान की आपात स्थिति में बिजली देने वाला सिस्टम राम एयर टरबाइन (आरएटी) चालू हुआ, लेकिन विमान की ऊंचाई तेजी से गिरने लगी। दोनों इंजनों को दोबारा चालू करने की कोशिश की गई, जिसके बाद पहले इंजन में थोड़ी बहुत ताकत लौटी, लेकिन दूसरा इंजन दोबारा शुरू नहीं हो सका।
ये भी पढ़ें:- Air India on AAIB Report: 'जांच प्रक्रिया में पूरा सहयोग करेगी कंपनी'; 15 पेज की जांच रिपोर्ट पर एअर इंडिया
जांच रिपोर्ट पर एअर इंडिया ने क्या कहा?
जांच रिपोर्ट के सामने आने के बाद एअर इंडिया ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। एअर इंडिया ने कहा कि वह इस दुखद घटना से गहरे शोक में है और पीड़ितों के परिवारों को हरसंभव सहायता दे रही है। कंपनी ने कहा कि जांच जारी होने के कारण वह रिपोर्ट के निष्कर्षों पर टिप्पणी नहीं करेगी।