बोरवेल में गिरा अभि उर्फ अभय अंतत: जिंदगी की जंग हार गया। शुक्रवार सायं से शनिवार दोपहर 1:30 बजे तक करीब बीस घंटे चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद जब अभि को निकाला गया तो उसका शरीर बेजान था, शायद कोई सांस बाकी हो, इस उम्मीद में उसे डबरा के चिकित्सालय पर ले जाया गया, वहां चिकित्सक ने उसकी मौत को पुष्टि की। उसकी मौत की सूचना से मौके पर मौजूद हजारों लोगों की आंखें नम हो गईं।
गांव सुल्तानपुर खेरी में बोरवेल में गिरे तीन साल के मासूम अभि को बचाने के लिए बीएसएफ और एसडीआरएफ ने पूरी रात रेस्क्यू आपरेशन चलाया। जेसीबी और पोकलेन मशीनों से 35 फुट की खुदाई के बाद बोरवेल के गड्ढे तक सुरंग बनाकर उसमें लकड़ी के पटटे लगाए गए, ताकि अभि कहीं 30 फुट से नीचे न सरक जाए।
शनिवार दोपहर 1:30 बजे जैसे ही बीएसएफ व एसडीआरएफ की टीमों ने सुरंग से अभि को बाहर निकाला तो समूचे क्षेत्र में हजारों लोगों की आंखों में खुशी की चमक दिखाई दी, तुरंत उसे एंबुलेंस से डबरा अस्पताल के आईसीयू वार्ड में भेजा, वहां चिकित्सकों की टीम ने उसे मृत घोषित कर दिया। जिला कलेक्टर डॉक्टर संजय गोयल और एसएसपी हरिनारायण ने अभि की मौत की पुष्टि की।