फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मराठा आरक्षण आंदोलन : उपद्रवियों के उत्पात से ठहरी मुंबई, बंद वापसी के बाद भी जारी रही हिंसा

Wed, 25 Jul 2018 05:45 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
विज्ञापन
हिंसक हुआ महाराष्ट्र
विज्ञापन

मराठा आरक्षण की मांग को लेकर बुलाए एकदिवसीय बंद के दौरान बुधवार को भारी हिंसा फैल गई जिसमें उपद्रवियों ने सार्वजनिक परिवहन सेवाओं के साथ-साथ निजी वाहनों को निशाना बनाया। हिंसा बढ़ती देख मराठा क्रांति मोर्चा ने दोपहर बाद करीब तीन बजे बंद वापस लेने का एलान किया लेकिन इसके बाद भी ठाणे और नवी मुंबई के कई इलाकों में हिंसा जारी रही। 

विज्ञापन


बंद का असर न सिर्फ मुंबई बल्कि ठाणे, नवी मुंबई और पालघर में भी दिखाई दिया। यहां तक कि स्कूल-कालेज भी बंद कर दिए गए। मराठा क्त्रसंति मोर्चा के मुम्बई समन्वयक वीरेंद्र पवार ने मुंबई बंद वापस लेने का ऐलान करते हुए दावा किया का हिंसा में शामिल लोग हमारे साथ नहीं थे।

जिन इलाकों में हमने आंदोलन का ऐलान किया था वहां विरोध प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहा लेकिन कुछ जगहों पर हिंसा हुई है। उन्होंने आशंका जताई कि इसके पीछे राजनीतिक साजिश हो सकती है। अब तक शिवसेना के इशारे पर ही मुंबई बंद सफल होता था लेकिन बुधवार के बंद की सफलता से मराठा समाज की ताकत का एहसास हुआ।
विज्ञापन


वीरेंद्र पवार ने कहा कि मुंबई बन्द से साफ हो गया है कि मराठा समाज कितना ताकतवर है। पवार ने बंद के चलते हुई परेशानी के लिए लोगों से माफी मांगी। उन्होंने कहा कि हम पिछले दो सालों से शांतिपूर्ण आंदोलन कर रहे थे लेकिन सरकार ने हमें हाथ में पत्थर और डंडे लेने पर मजबूर कर दिया।

वही, बुधवार को शिरडी के कलम्ब में कृष्णा गंभीर नामक एक युवक ने मराठा आरक्षण के समर्थन में जहर पीकर आतमहत्या की कोशीश की जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है। नवी मुंबई में आंदोलनकारियों पर नियंत्रित करने के लिए पुलिस को हवाई फायरिंग करनी पड़ी। इससे पहले आंदोलनकारियों ने पुलिसवालों पर पथराव करते हुए उनकी गाड़ियों को जलाने की कोशिश की। प्रदर्शनकारियों ने मुंबई-पुणे एक्सप्रेस वे जाम कर दिया और उस पर टायर जला दिए।

पुलिस ने लाठीचार्ज किया जिसमें कुछ प्रदर्शनकारी घायल हो गए। वहां पथराव के दौरान कई पुलिसवाले भी जख्मी हुए हैं। करीब छह घंटे की।मशक्कत के बाद पुलिस यह मार्ग खोल पाई। मुंबई के मानखुर्द इलाके में भी उपद्रवियों ने बेस्ट की बस में तोड़फोड़ के बाद आग लगा दी। हिंसक घटनाओं को देखते हुए ऑटो, टैक्सी के साथ-साथ ओला, उबर जैसी प्रायवेट टैक्सियां भी बंद रहीं।

सरकार मराठा आरक्षण के लिए तैयार है
मराठा आरक्षण के मुम्बई बंद के मद्देनजर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि सरकार मराठा आरक्षण के लिए तैयार है लेकिन, मामला कोर्ट में विचाराधीन होने के कारण कोई निर्णय नही ले सकते।

ठाणे में हिरासत में लिए गए 20 आंदोलनकारी

मरठा आंदोलन का मुंबई से सटे ठाणे में भी काफी असर रहा। पुलिस आयुक्त परमबीर सिंह के मुताबिक आंदोलन के दौरान हिंसा कर रहे 20 लोगों को हिरासत में लिया गया है। हिंसा में शमी अन्य लोगों की भी पहचान कर ली गई है उन्हें भी जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा। सिंह ने कहा कि आंदोलन वापस लिए जाने के बावजूद कुछ लोग हिंसा पर उतारू थे। ये लोग जानबूझ कर अशांति फैलाना चाहते थे।

लोकल ट्रेनों पर असर
आंदोलनकारियों ने ठाणे, जोगेश्वरी, घनसोली जैसे कई रेलवे स्टेशन पर पलोगों की गाड़ियां रोकी और तोड़फोड़ की। हर्बर लाइन की लोकल सेवाएं इसके चलते करीब तीन घंटे ठप रहीं। मध्य और पश्चिम रेलवे की रेलसेवाएं थोड़ी देर में ही बहाल कर दी गईं। 

शिवसेना विधायक ने दिया इस्तीफा
मराठा आरक्षण के समर्थन में शिवसेना विधायक हर्षवर्धन जाधव ने इस्तीफा दे दिया। उन्होंने ईमेल के जरिए अपना इस्तीफा विधानसभा अध्यक्ष हरिभाऊ बागड़े को भेजा है। 

क्या है मराठा मोर्चा की मांग 

मराठा मोर्चा की मांग है कि सरकारी नौकरियों और शिक्षण संस्थानों में आरक्षण लागू हो, ताकि मराठा समाज उन्नति कर सके। मराठा मोर्चा स्वामीनाथन आयोग की सिफारिशें लागू करने की मांग कर रहा है। साथ ही एससी-एसटी एक्ट में बदलाव करने की मांग की जा रही है। 

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें