देश के कई हिस्सों में भीषण गर्मी ने लोगों को परेशान कर रखा है। गर्मी से बचने के लिए अधिकतर लोग घरों में एयर कंडीशनर (एसी) लगवाते हैं। लेकिन कंपनियों की सर्विस करवाने की जटिल प्रक्रिया के चलते अधिकांश लोग समय रहते इसकी सर्विसिंग नहीं करवाते हैं। इसका खुलासा लोकल सर्किल के सर्वे में हुआ है। सर्वे के अनुसार, एयर कंडीशन वाले 76 फीसदी उपभोक्ता अधिक कीमत, जटिल संपर्क प्रक्रिया और इसमें लगने वाले समय के कारण इसके निर्माता/कंपनी से सर्विस नहीं कराते हैं। सर्वे में लोगों से यह भी सवाल पूछा गया कि कंपनी से अपने घर पर एयर कंडीशनर ठीक क्यों नहीं करवाते। इस पर केवल 18 फीसदी उपभोक्ताओं ने कहा कि वे कंपनी से एसी की सर्विस कराते हैं, जबकि 29 फीसदी ने बाहर से सर्विस की बात कही।
यदि उपभोक्ताओं द्वारा दिए गए कारणों का मूल्यांकन प्राथमिकता के क्रम में किया जाए, तो सामने आता है कि 65 फीसदी लोग उच्च लागत के कारण निर्माता/कंपनी से एयर कंडीशनर की सर्विस नहीं कराते हैं। वहीं 36 फीसदी लोग जटिल संपर्क प्रक्रिया की वजह से दूरी बनाते हैं। वहीं 32 फीसदी लोग ज्यादा समय लगने की वजह से बाहर से सर्विस कराते हैं। सर्वे के दौरान अगला सवाल कंपनी की सर्विस और बाहर के सर्विस में रेट के अंतर को लेकर किया गया। इसके जवाब में 23 फीसदी लोगों ने कहा कि लोकल मैकेनिकों की तुलना में कंपनी का चार्ज 100 फीसदी से अधिक है। 12 फीसदी ने कहा कि यह चार्ज 75-100 फीसदी अधिक है। 32 फीसदी ने चार्ज में 50-75 फीसदी का अंतर बताया है। जबकि 12 फीसदी ने इस चार्ज में 25-50 फीसदी का अंतर बताया।
वहीं, 15 फीसदी उपभोक्ता ऐसे थे, जिन्होंने कहा कि उनके साथ कभी भी ओवरचार्ज नहीं हुआ है। छह फीसदी कोई जवाब नहीं दे पाए। परिणाम बताते हैं कि तीन में से दो उपभोक्ता जिनके पास एयर कंडीशनर हैं, उन्हें लोकल मैकेनिक की तुलना में सर्विस के लिए कंपनी को 50 फीसदी अधिक शुल्क देना पड़ता है। इस सवाल में 20,891 प्रतिक्रियाएं मिलीं थीं। लोकल सर्किल ने यह सर्वे भारत के 302 जिलों में किया। इस दौरान 42,000 से अधिक लोगों से प्रतिक्रिया ली गईं। इनमें करीब 65 फीसदी पुरुष थे, जबकि 35 फीसदी महिलाएं थीं। सर्वे में शामिल 42 फीसदी लोग टियर-1, 29 फीसदी टियर-2 से, 29 फीसदी लोग टियर 3, 4 और ग्रामीण जिलों से थे।