मलेशिया
पिछले साल मलेशिया के प्रधानमंत्री नजीब रज्जाक भारत पहुंचे थे। इस दौरान दोनों देशों के बीच सात समझौते हुए। इसमें रेलवे नेटवर्क, भारतीयों के लिए वीजा नियमों में छूट, भारतीय टूरिस्ट वीजा समेत कई प्रमुख मुद्दों पर समझौता हुआ। डिजिटल इंडिया और स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट में मलयेशिया के सहयोग को भी कागजी रूप दिया गया था।
फिलीपींस
दोनों देशों के संबंध पिछले साल तब और मजबूत हुए जब बीते 36 वर्षों में किसी भारतीय प्रधानमंत्री ने फिलीपींस की यात्रा है। मोदी से पहले पहले 1981 में तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी आसियान शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने फिलीपींस गईं थीं। मोदी भी आसियान शिखर सम्मेलन और पूर्वी एशिया शिखर सम्मेलन में भाग लेने फिलीपींस पहुंचे थे। पिछले साल ही जुलाई में इंटरनेशनल राइस इंस्टिट्यूट को अपना साउथ एशियन रिजनल सेंटर वाराणसी में लगाने को मंजूरी दी गई थी।
सिंगापुर
सिंगापुर काफी समय से हिंद महासागर में भारत की भूमिका बढ़ाने की जरूरत पर बल देता रहा है। 2005 में दोनों देशों के बीच व्यापक आर्थिक सहयोग समझौता हुआ था। इस समझौते के तहत करोड़ों डॉलर का व्यापार दोनों देशों के बीच हर साल हो रहा है। दोनों देशों की नौसेनाओं के बीच दक्षिणी चीन सागर में पिछले साल समुद्री अभ्यास भी हुआ था। जिस पर चीन ने नाराजगी जताई थी।
थाईलैंड
भारत-म्यांमार-थाईलैंड त्रिपक्षीय राजमार्ग योजना दोनों देशों के बीच आर्थिक सहयोग के महत्वपूर्ण घटक के रूप में उभर सकता है। 2016 में दोनों देशों के बीच अर्थव्यवस्था, आतंकवाद से निबटने, साइबर सुरक्षा और मानव तस्करी से निबटने को सहयोग बढ़ाने का निर्णय लिया था। साथ ही रक्षा एवं समुद्री सुरक्षा क्षेत्र में नजदीकी संबंध कायम करने की हामी भरी थी।
वियतनाम
वियतनाम के प्रधानमंत्री गुयेन टैन डंग ने 2014 में भारत यात्रा की थी। वियतनाम भारत से आकाश मिसाइल खरीदने पर विचार कर रहा है। माना जा रहा है कि दोनों देशों के बीच यह सौदा जल्द हो सकता है। जिस पर चीन कई बार आपत्ति जता चुका है। इसके अलावा दोनों देशों के बीच दक्षिण चीन सागर में तेल निकालने को लेकर भी समझौते हो सकते हैं।