पश्चिम बंगाल में शनिवार को पैसे निकालने के लिए एटीएम की कतार में खड़े एक सरकारी कर्मचारी की दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई। लेकिन कतार में खड़े किसी भी शख्स ने इस व्यक्ति को अस्पताल पहुंचाने या मदद करने की जहमत नहीं उठाई। लोग कतार में बेफिक्र खड़े अपनी बारी का इंतजार करते रहे। मरने वाले शख्स का नाम कल्लोल रायचौधरी है।
सूत्रों ने बताया कि कल्लोल रायचौधरी नामक यह कर्मचारी उत्तर बंगाल के कूचबिहार में तैनात था। वहां से वह कोलकाता अपने घर आ रहा था। रास्ते में हुगली जिले के बंडेल में ट्रेन से उतरकर वह सुबह साढे़ सात बजे पैसे निकालने के लिए एटीएम की कतार में खड़ा हो गया। कतार में खड़े होने के कुछ ही देर बाद वह गश खाकर गिर पड़ा। आधे घंटे तक उसे कोई चिकित्सकीय सहायता नहीं मिली। बाद में एटीएम में तैनात सुरक्षा गार्ड ने डाक्टर को बुलाया, लेकिन डाक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया।
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इस घटना को दुर्भाग्यपूर्ण करार देते हुए सवाल किया है कि क्या प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इन घटनाओं का संज्ञान ले रहे हैं ? इससे पहले शुक्रवार को दक्षिण 24-परगना जिले में कतार में खड़े दो बुजुर्गों की मौत हो गई थी।