सूत्रों के मुताबिक वह सोना सिलीगुड़ी में एक दूसरे एजेंट को सौंपा जाना था। वहां से उसे देश के दूसरे शहर में भेजा जाना था। कार में सवार दो लोगों, गणेश भगवान कूटे और नवनाथ कालपे कूटे को गिरफ्तार कर लिया गया। दोनों महाराष्ट्र के सांगली जिले के रहने वाले हैं। फिलहाल उनसे पूछताछ की जा रही है। उक्त सोना एक-एक किलो के 55 बिस्किटों की शक्ल में था।
डीआरआई के एक अधिकारी ने बताया कि चीन, आस्ट्रेलिया और स्विट्जरलैंड जैसे देशों से सोना पहले तस्करी के जरिये भूटान पहुंचता है। वहां से इसे सड़क मार्ग के जरिये भारत में लाया जाता है। पकड़े गए लोग भी 26 अक्तूबर को भूटान की सीमा पर स्थित भारतीय शहर जयगांव पहुंचे थे। वहां से सीमा पार करके वे भूटानी शहर फुत्शोलिंग गए। वहीं एक भूटानी नागरिक ने उन्हें सोने की खेप सौंपी थी।
चालू वित्त वर्ष के दौरान डीआरआई ने अब तक बंगाल एवं दूसरे पूर्वोत्तर राज्यों से 353 किलो सोना और आभूषण जब्त किए हैं जिसकी कीमत 109 करोड़ रुपये बताई जाती है। यह सोना बांग्लादेश, म्यांमार, भूटान, नेपाल और चीन से लाया गया था।