-प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक मार्च 2016 को यूपी के बलिया से उज्ज्वला योजना की शुरुआत की थी
-इसके तहत 2018-19 तक बीपीएल परिवारों की महिलाओं को पांच करोड़ एलपीजी कनेक्शन मुहैया कराने का टारगेट रखा गया
- उज्ज्वला योजना अभी तक 715 जिलों तक ही पहुंच सकी है
-अभी तक इस योजना में 58023370 घरों तक एलपीजी मुहैया कराने का दावा किया गया है
-सरकार एक कनेक्शन पर 16 सौ रुपये की मदद देती है
- देश के अधिकांश मेडिकल कालेजों में बर्न यूनिट तक नहीं है...
डॉ. राजीव बी आहूजा का कहना है कि भारत में आग से मरने वाले लोगों पर उतना ध्यान नहीं दिया जा रहा है, जितना कि विदेशों में इस पर काम हुआ है। हमारे यहां अधिकांश मेडिकल कालेजों में बर्न यूनिट तक नहीं है। सामान्य सर्जन को ही बर्न सर्जरी सौंप दी जाती है, यह पूरी तरह गलत है। आग से जलने वाले लोगों का इलाज करने के लिए एक अलग विशेषज्ञता की जरुरत होती है। कम से कम जिला स्तर के अस्पतालों में एक अत्याधुनिक उपकरणों से लैस बर्न यूनिट होनी चाहिए। प्लास्टिक सर्जन की संख्या हमारे देश में न के बराबर है। विभिन्न अस्पतालों में जलने का इलाज करने वाली नर्सें तक नहीं हैं। पीड़ित के रिश्तेदार ही नर्स का काम करते हैं। पोस्ट बर्न मेनेजमेंट सिस्टम अभी तक ज्यादा लोगों को मालूम नहीं है।