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दुष्कर्म पीड़िता नन का साथ देने वाली केरल की 4 ननों को मिली ये सजा

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, तिरुवनंतपुरम Published by: Shilpa Thakur Updated Thu, 17 Jan 2019 10:13 AM IST
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दुष्कर्म पीड़िता का साथ देने पर ननों को सजा - फोटो : PTI

केरल में दुष्कर्म पीड़िता नन का जालंधर के बिशप फ्रैंको मुल्लकल मामले में साथ देने वाली 4 ननों को सजा सुनाई गई है। उन्हें मिशनरी ऑफ जीसस कॉन्वेंट ने कहा है कि वह केरल के कुराविलंगड कॉन्वेंट से चली जाएं। उनसे देश के अन्य हिस्सों में जाकर अपने संगठनों में शामिल होने को कहा गया है।


 

जालंधर स्थित मंडली के सुपीरियर जनरल रेगिना कदमथोत्तु ने चारों ननों अल्पही पलासेरिल, अनुपमा केलामंगलाथुवेलियिस, जोसेफाइन विल्लेन्निकल और अंकिता उरुंबिल को अलग-अलग लेटर भेजा है। इसमें उन्होंने लिखा है कि ननों ने उनके निर्देशों की बार-बार अवहेलना की है। जिसमें वह उन्हें बोलते आ रहे हैं कि नियुक्ति के मुताबिक वह उन समुदायों में शामिल हों जिनमें वह विहित हैं।


ननें जो सितंबर 2018 की विरोध रैली में बिशप मुल्लकल की गिरफ्तारी की मांग को लेकर शामिल हुई थीं, आज पीड़ित नन के साथ रह रही हैं। पांचवीं नन निसा रोस जो इस विरोध में शामिल हुई थीं, माना जा रहा है कि उन्हें भी सुपीरियर जनरल का लेटर जल्द ही मिलेगा।


वहीं इन ननों का कहना है कि वह इन आदेशों का पालन नहीं करेंगी। अनुपमा का कहना है, "यह हमारे खिलाफ एक तरह की अनुशासनात्मक कार्यवाई की तरह है। हम भी सुपीरियर जनरल को भेजे जाने वाले जवाब की तैयारी कर रहे हैं। यह सब मामले को प्रभावित करने और पीड़ित नन को पृथक करने की कोशिश है।" 


रेगिना ने इन ननों से आग्रेह करते हुए कहा है कि वह बलात्कार के मामले में अपने कानूनी दायित्वों को निभाने के लिए सामुदायिक जीवन और प्रतिज्ञाबद्ध धार्मिक प्रतिज्ञा के सिद्धांतों से समझौता न करें।

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