फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

रिपोर्ट का दावा, विदेशों में जमा है भारत का 10 लाख करोड़ कालाधन

Mon, 21 Mar 2016 04:09 PM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
भारत ही नहीं दुनिया के कई देशों का जमा है कालाधन - फोटो : Getty Images
विज्ञापन
कालेधन पर हाल ही में आए एक रिपोर्ट के मुताबिक पूरी दुनिया में लगभग छह से सात ट्रिलियन डॉलर का कालाधन है। इसमें भारत का योगदान करीब 9 से 10 लाख करोड़ रुपए का है। यह रिपोर्ट बैंक ऑफ इटली के वरिष्ठ अर्थशास्त्रियों ने तैयार की है। हालांकि, ये केवल वह कालाधन है जो शेयरों में निवेश और बैंक में जमा कराए गए हैं। इसमें रियल एस्टेट, सोने और कला में जरिए निवेश किए गए पैसों का जिक्र नहीं है।
विज्ञापन


इस सारे आंकड़ों को इकट्ठा करने के लिए इटली के अर्थशास्त्री ने इंटरनेशनल मॉनिटरी फंड (आईएमएफ) और बैंक ऑफ इंटरनेशनल सेटलमेंट्स (बीआईएस) के आंकड़ों का सहारा लिया। टाइम्स ऑफ इंडिया के मुताबिक अर्थशास्त्री ने बताया कि वैश्विक स्तर पर कालेधन में भारतीयों का योगदान करीब 9 से 10 लाख करोड़ का हो सकता है।

गौरतलब है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लोकसभा चुनावों से पहले ही विदेशों के अकूत काला धन होने की बात करते रहे और उसे वापस लाने की भी बात की थी लेकिन जब वह सत्ता में आए हैं वह कालाधन वापस लाने में नाकाम रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

सरकार एक बार फिर से विपक्ष के निशाने पर आ सकती है

narendra modi - फोटो : PTI
कालाधन वापस लाने के दावों को पूरा नहीं कर पाने की वजह से वह अक्सर विपक्ष के निशाने पर भी रहते हैं। हाल में पेश हुए बजट सत्र के दौरान वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कालाधन रखने वालों को एक सुनहरा मौका देते हुए एक नई योजना लेकर आए थे जिसके तहत ऐसे लोग जिसके पास कालाधन है वो सरकार को 45 फीसदी रकम देकर अपने धन को सफेद बना सकते हैं।

ऐसे में इस रिपोर्ट के सामने आने के बाद सरकार एक बार फिर से विपक्ष के निशाने पर आ सकती है। ऐसा इसलिए क्योंकि सरकार को अभी केवल कुछ हजार करोड़ रुपए ही वापस लाने में कामयाबी मिली है।

आपको बता दें की मौजूदा सरकार ने चुनाव से पहले जनता से कई वादे किए थे जिनमें से कालाधन वापस लाना एक भी एक जरूरी मुद्दा था। इसी मुद्दे को पकड़ भाजपा ने यूपीए सरकार को पटखनी दी थी लेकिन अब वह खुद ही इस जाल में फंसती नजर आ रही है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें