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नौ दिन के व्रत के बाद 15 साल की छात्रा ने खाया खाना और हो गई मौत!

Thu, 13 Oct 2016 04:43 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, मुरादाबाद
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- फोटो : demo pic
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नौ दिन व्रत रखने के बाद छात्रा ने खाना खाया तो उसकी हालत बिगड़ गई। परिजन उसे लेकर साईं अस्पताल पहुंचे। जहां चेकअप के बाद डाक्टरों ने बताया कि भूख के कारण उसकी आंतों का गुच्छा बन गया है। इलाज के बाद भी हालत में सुधार नहीं हुआ तो उसे मेरठ रेफर कर दिया गया। मेरठ के ओम अस्पताल में उसकी इलाज के दौरान मौत हो गई। 
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भोजपुर थानाक्षेत्र के सिरसवां गौड़ गांव में मार्बल ठेकेदार राम प्रसाद सिंह का परिवार रहता है। परिवार में पत्नी कुसुम, बेटा सचिन कुमार और अंकित व बेटियां रजनी, पूजा और सोनिका हैं। पंद्रह वर्षीय पूजा इंटरमीडिएट की छात्रा थी। पूजा ने नवरात्र पर व्रत रखे थे। उसने नौ दिन तक कुछ नहीं खाया।

सोमवार को छात्रा ने व्रत खोलने के बाद खाना खाया। जिसके बाद वह बेहोश हो गई। इसके बाद उसके पेट में दर्द होने लगा। परिजन उसे लेकर साईं अस्पताल पहुंचे। यहां डाक्टरों ने बताया कि खाना न खाने की वजह से उसकी आंतों का गुच्छा बन गया है। साईं अस्पताल से छात्रा को गंभीर अवस्था में मेरठ रेफर कर दिया गया है। बुधवार को मेरठ के ओम अस्पताल में छात्रा की मौत हो गई। इसके बाद परिजन शव ले घर आ गए और अंतिम संस्कार कर दिया। 
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बहन की मौत पर रोते-रोते भाई को आया बुखार

- फोटो : demo pic
एमडी मेडिसिन अमित रस्तोगी  ने कहा कि केवल व्रत रखने से ऐसा होना मुश्किल है। छात्रा को पहले से ही बीमारी रही होगी। उसे आंतों की टीबी, एक्यूट अपेंडिक्स या अल्सर जैसी बीमारी रही होगी। जिसकी जानकारी परिजनों को नहीं होगी। 

मुरादाबाद। इंटरमीडिएट की छात्रा पूजा की मौत की खबर से उसके परिवार में कोहराम मच गया। मां-बाप भाई व बहन व ताऊ ताई सभी का बेटी को याद कर रो रो कर बुरा हाल हो गया। छोटे भाई अंकित की तो हालत बिगड़ गई। उसे तेज बुखार आ गया। उसका इलाज कराया गया। 

मुरादाबाद। राम प्रसाद की बेटी पूजा अपनी बुआ के घर गजरौला गांव गई थी। छात्रा ने बुआ के घर ही व्रत रखे थे। व्रत खोलने के बाद छात्रा ने खाना खाया था। इसके बाद ही उसकी हालत बिगड़ी थी। परिजन छात्रा को एक अस्पताल से दूसरे अस्पताल लेकर घूमते रहे। लेकिन किसी भी डाक्टर ने भरोसा नहीं दिया।
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