केरल से गायब हुए जिन भारतीय युवाओं के आईएस में शामिल होने का संदेह जाहिर किया गया था, उसकी पुष्टि मंगलवार को अफगानिस्तान की एक समाचार एजेंसी ने कर दी है। समाचार एजेंसी के मुताबिक, पिछले हफ्ते अफगास्तिान के अचिन में अमेरिका के सबसे बड़े गैर-परमाणु बम हमले में इनमें से 13 युवक मारे गए हैं। हालांकि राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने इस दावे की पुष्टि नहीं की है।
एनआईए का कहना है कि वह अभी मामले की जांच कर रही है। पिछले साल केरल से 21 महिलाओं, पुरुषों और बच्चों के साजिशन गायब होने तथा उनके आईएस की शरण में चले जाने की आशंका जाहिर की गई थी।
समझा जाता है कि ये सभी ईरान के आईएस नियंत्रित क्षेत्र होते हुए अफगानिस्तान पहुंचे थे। तहरीक-ए-तालिबान से अलग हुए विलायत खोरासन गुट ने 2015 से ही अफगानिस्तान के लिए काम करना शुरू कर दिया था। ये सभी भारतीय इसी गुट में शामिल हो गए थे।