पार्टी के शीर्षस्थ नेता संजय राउत ने आदित्य ठाकरे के नामांकन भरते समय ऐसा कहा | राजनीति में बयानों की अपनी अहमियत है और फिर बनते हैं उनसे किस्से कहानी, एक किस्सा और लिखा जा रहा है जिसमे एक युवा नेता अपने दादा की सत्ता को सँभालने का "विजय संकल्प रैली" में संकल्प लेता है और फिर वर्ली की सड़को पर एक पोस्टर दिखाई देता है जिस पर आदित्य ठाकरे के चेहरे के साथ लिखा होता है "केम छो वर्ली"
इस सम्पूर्ण घटनाक्रम के बाद एक बड़ी खबर बनती है कि "आदित्य ठाकरे शिवसेना परिवार से प्रथम व्यक्ति होंगे, जो सीधे चुनाव का सामना करेंगे। शिवसेना ने उन्हें मुंबई के वर्ली से उम्मीदवार बनाया है।
उद्धव और आदित्य का बाला साहेब की तरह दूरदर्शिता नहीं है उद्धव और आदित्य का कि वे सत्ता से बाहर रहकर भी पार्टी चला लें जनता में अपनी मजबूत छवि को बनाये रखे
पार्टी ने तय किया है कि परिवार के किसी व्यक्ति को चुनावी राजनीति के साथ ही सत्ता के शीर्ष पर भी रहना चाहिए, इसे पार्टी की बेहतर विकास होगा और परिवार के लोगों की छवि योग्य प्रशासक के रूप में भी बनेगी।
सत्ता में रहने से पार्टी पर बेहतर नियंत्रण रहता है और पार्टी कैडर को उपकृत करना भी आसान हो जाता है।
दल के अन्य नेताओं को सत्ता सौंपने से पार्टी में उनकी अधिक चलने लगती है, जिसके कारण टकराव पैदा हो जाता है। यही कारण है कि शिवसेना के कई शीर्षस्थ नेताओं को, जो कभी केन्द्रीय मंत्री और राज्य के मुख्यमंत्री रह चुके हैं, उन्हें या तो पार्टी ने बाहर का रास्ता दिखा दिया गया या फिर बाद में उपेक्षा के कारण वे खुद बाहर चले गए।
आदित्य छात्र राजनीति करते रहे हैं और पिता के साथ वे लगातार शिवसेना की राजनीति में सक्रिय हैं। उनका व्यक्तित्व अपने पिता उद्धव ठाकरे की तुलना में ज्यादा मुखर है
पार्टी के शीर्षस्थ नेता संजय राउत ने आदित्य ठाकरे के नामांकन भरते समय ऐसा कहा | राजनीति में बयानों की अपनी अहमियत है और फिर बनते हैं उनसे किस्से कहानी, एक किस्सा और लिखा जा रहा है जिसमे एक युवा नेता अपने दादा की सत्ता को सँभालने का "विजय संकल्प रैली" में संकल्प लेता है और फिर वर्ली की सड़को पर एक पोस्टर दिखाई देता है जिस पर आदित्य ठाकरे के चेहरे के साथ लिखा होता है "केम छो वर्ली"
इस सम्पूर्ण घटनाक्रम के बाद एक बड़ी खबर बनती है कि "आदित्य ठाकरे शिवसेना परिवार से प्रथम व्यक्ति होंगे, जो सीधे चुनाव का सामना करेंगे। शिवसेना ने उन्हें मुंबई के वर्ली से उम्मीदवार बनाया है।