भाजपा की ओर से लगाए जा रहे भ्रष्टाचार के आरोपों पर मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने कहा कि भाजपा में अगर दम है तो आगे आए और उनके खिलाफ केस फाइल करे।
उन्होंने कहा कि भाजपा एक टीवी चैनल का सहारा लेकर उन्हें बदनाम करने की साजिश कर रही है।
धूमल परिवार झूठ-कपट की राजनीति करते हुए उन्हें बदनाम करने की कोशिश कर रहा है। उन्होंने कहा कि अगर मैं दोषी पाया गया तो पद से ही नहीं, राजनीति से भी त्यागपत्र दे दूंगा।
इन्होंने भगवान राम से बोला झूठ
शुक्रवार को दौलतपुर चौक में जनसभा के दौरान वीरभद्र सिंह ने कहा कि भाजपा नेता तो जनता से भगवान राम के नाम पर भी झूठ बोलने से गुरेज नहीं करते।
अयोध्या में भगवान राम के नाम पर इकट्ठे किए गए करोड़ों रुपये का हिसाब भाजपा के नेताओं को देश की जनता को देना चाहिए।
सीएम ने कहा कि वह भी धर्म में आस्था रखते हैं। उनकी वर्तमान में 123वीं पीढ़ी चल रही है। सभी ने हमेशा ही धर्म की रक्षा के लिए कार्य किया है।
यदि भाजपा राम मंदिर का निर्माण करती है तो वह भी एक माह राम मंदिर में सेवा कार्य करेंगे। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश का गठन कांग्रेस की देन है।
प्रदेश निर्माण का श्रेय डा. परमार को जाता है। उन्होंने अपने आप को हिमाचल प्रदेश का सबसे बड़ा व्यक्तित्व होने की जगह हिमाचल का प्रथम सेवक करार दिया।