बंगाणा (ऊना)। क्षेत्र के सोहारी पंचायत के गांव घराना में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के छठे दिन कथा व्यास आचार्य डॉ. सुमन शर्मा ने श्रीकृष्ण रुकमणि प्रसंग सुनाया। उन्होंने कहा कि माया रहित जीव का ईश्वर के साथ मिलन ही रास है। बाल कृष्ण भगवान ने कई प्रकार की बाल लीलाएं करके जब उन्हें यह ज्ञात हुआ कि अब मेरा काम कुछ और है, तो उन्होंने मथुरा छोडऩे का फैसला किया। इस दौरान सबसे पहले वह राधा रानी से मिले। राधा रानी से भगवान श्रीकृष्ण ने विदाई ली। इस मौके पर आयोजक वीरेंद्र मेहता, विशाल कुमार, ज्योति बरजाता, हंसराज बरजाता, अंकुश बरजाता, आदित्या शर्मा, नरेश कुमार, सीता राम व अन्य मौजूद रहे।