संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। वरिष्ठ नागरिक फोरम ऊना की बैठक शनिवार को एमसी पार्क स्थित वरिष्ठ नागरिक भवन में आयोजित की गई। इसकी अध्यक्षता फोरम के अध्यक्ष जीआर वर्मा ने की। उन्होंने कहा कि बीते दिनों मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने घोषणा की थी कि 70 साल के नागरिकों की घर द्वार पर जाकर जांच की जाएगी और उनका उपचार किया जाएगा। दूसरी तरफ क्षेत्रीय अस्पताल ऊना में वरिष्ठ नागरिकों को प्राथमिकता के आधार पर उपचार नहीं मिल पाता है। इस समस्या को लेकर कई बार उच्च अधिकारियों के समक्ष मांग को उठाया गया है लेकिन अभी तक समस्या का हल नहीं हो पाया है। ऊना अस्पताल में हृदय रोग विशेषज्ञ और यूरोलॉजिस्ट नहीं है। ऐसे में बुजुर्गों को उपचार के लिए निजी अस्पतालों व पीजीआई चंडीगढ़ की दौड़ लगानी पड़ती है। इससे खास तौर पर बुजुर्गों को परेशानी होती है। सरकार को चाहिए कि वह क्षेत्रीय अस्पताल में इन विशेषज्ञों की तैनाती करे ताकि जनता को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं सरकारी स्तर पर मिल सकें। उन्होंने प्रदेश सरकार से निजी अस्पतालों में हिम केयर योजना शुरू करने की मांग भी उठाई। इसके अलावा ऊना शहर में लावारिस कुत्तों और बेसहारा गोवंश की समस्या को लेकर भी वरिष्ठ नागरिकों ने प्रशासन से इस समस्या का हल करने की मांग उठाई है। दूसरी तरफ हमीरपुर रोड, नंगल रोड व होशियारपुर रोड में शौचालय की कोई व्यवस्था नहीं है। अब ऊना नगर निगम बन गया है तो इन मार्गों पर शौचालय की व्यवस्था की जानी चाहिए। वहीं, रेलवे में वरिष्ठ नागरिकों को किराये में राहत की सुविधा बंद होने का मामला भी बैठक में उठाया गया।