मुख्य अतिथि से समय न मिलने पर देर शाम तक चला स्कूल का वार्षिक कार्यक्रम, लोगों ने उठाए सवाल
अज्ञात युवकों के खिलाफ पुलिस थाना अंब में दर्ज कराई शिकायत : प्रिंसिपल
लोगों ने स्कूल प्रबंधन और एसएमसी कमेटी पर कार्रवाई की उठाई मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
नंदपुर (ऊना)। चिंतपूर्णी विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला लोहारा में पारितोषिक वितरण समारोह के दौरान मारपीट का मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार पाठशाला का वार्षिक कार्यक्रम वीरवार देर रात तक चला। इस दौरान एक युवक को अध्यापक और छात्रों की ओर से पीटते हुए देखा गया। पाठशाला के प्रिंसिपल दिनेश कुमार ने बताया कि वर्तमान समय में हर स्कूल में वार्षिक समारोह आयोजित हो रहे हैं। मुख्य अतिथि चिंतपूर्णी के विधायक सुदर्शन सिंह बबलू ने दोपहर के बाद का समय दिया, जिसके चलते कार्यक्रम लगभग तीन बजे शुरू हुआ। कार्यक्रम में बच्चों को प्रोत्साहन पुरस्कार दिए जाने के कारण समय लंबा चला। दिनेश कुमार ने आगे कहा कि जैसे ही मुख्य अतिथि विदा हुए, कुछ बाहरी युवक स्कूल परिसर में प्रवेश कर गए और कुछ लड़कियों के साथ अनुचित व्यवहार करने लगे। स्कूल के अध्यापकों ने उन्हें पकड़ने का प्रयास किया, लेकिन आरोपी मौके से भाग गए। प्रिंसिपल ने बताया कि अज्ञात युवकों के खिलाफ पुलिस थाना अंब में शिकायत दर्ज कर दी गई है। एसएमसी प्रधान कृपाल ठाकुर ने बताया कि मुख्य अतिथि को दो कार्यक्रमों में शामिल होना था, पहले सलोई स्कूल और उसके बाद लोहारा स्कूल। समय की कमी के कारण कार्यक्रम देर से समाप्त हुआ। उन्होंने कहा कि मामले को लेकर लिखित शिकायत पुलिस थाना अंब में दी गई है। प्रत्यक्षदर्शियों और स्थानीय बुद्धिजीवियों का कहना है कि स्कूल प्रबंधन और एसएमसी कमेटी को अगर कार्यक्रम देर हो रहा था, तो उसे स्थगित कर अगले दिन आयोजित करना चाहिए था। उन्होंने यह भी कहा कि रात के समय किसी छात्र या छात्रा के साथ कोई अप्रिय घटना होती तो उसकी जिम्मेदारी किस पर होती। साथ ही बाहरी युवक आए थे तो अध्यापकों और बच्चों को उनकी पिटाई नहीं करनी चाहिए थी, बल्कि उन्हें तुरंत पुलिस के हवाले करना चाहिए था। उन्होंने शिक्षा विभाग से आग्रह किया है कि इस मामले में शामिल स्कूल प्रबंधन और एसएमसी कमेटी पर कार्रवाई की जाए। उपनिदेशक जिला उच्च शिक्षा विभाग अनिल कुमार ने बताया कि मामला उनके संज्ञान में आया है। स्कूल प्रबंधन से जानकारी मांगी गई है और विभाग की टीम स्कूल जाकर मामले की जांच करेगी।