मैड़ी (ऊना)। मैडी गांव में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के दूसरे दिन आत्मदेव और धुंधकारी की प्रेरणादायक कथा सुनाई गई। कथा का वाचन कर रहे प्रसिद्ध भागवत आचार्य सुरेंद्र शास्त्री ने श्रोताओं को धर्म, भक्ति और आत्मज्ञान की महत्ता समझाई। यह सात दिवसीय कथा 28 अप्रैल से आरंभ हुई है और 4 मई तक चलेगी। प्रतिदिन दोपहर 02:30 बजे से शाम 06:00 बजे तक भक्तों की उपस्थिति में कथा का आयोजन हो रहा है। स्थानीय श्रद्धालु बड़ी संख्या में भाग लेकर धर्म लाभ ले रहे हैं। कथा के दौरान आचार्य ने आत्मदेव ब्राह्मण की कथा सुनाते हुए बताया कि कैसे सांसारिक मोह और संतान की गलत संगति जीवन को विनाश की ओर ले जाती है, जबकि भक्ति मार्ग पर चलकर आत्मा की मुक्ति संभव है। कथा स्थल पर श्रद्धालुओं के लिए बैठने और प्रसाद की उत्तम व्यवस्था की गई है। आयोजन समिति के सदस्यों ने बताया कि कथा के समापन दिवस पर भव्य भंडारे का आयोजन किया जाएगा। संवाद