स्वयंसेवियों ने साइबर क्राइम पर जानकारी हासिल की
संवाद न्यूज एजेंसी
दौलतपुर चौक (ऊना)। राजकीय उत्कृष्ट महाविद्यालय दौलतपुर चौक की एनएसएस इकाई के सात दिवसीय वार्षिक शिविर के छठे दिन एनएसएस के स्वयं सेवियों ने महाविद्यालय के प्रांगण में बीबीए और बीसीए विभाग की तरफ से सफाई की गई। बोटेनिकल गार्डन की रेलिंग को तिरंगे के रंग में सजाया। अच्छे से साफ सफाई की। मुख्य वक्ता के रूप में बीसीए विभाग से प्रो. राजकुमार ने शिरकत की। उन्होंने साइबर क्राइम क्या है, इसके प्रकार तथा इससे बचने के तरीके बताए। बताया कि साइबर अपराध कई प्रकार के होते हैं। इसमें हैकर्स व धोखेबाज किस्म के अपराधी पीड़ितों की प्रतिष्ठा, वित्त, व्यवसाय आदि को प्रभावित करने वाले विभिन्न साधनों का उपयोग करते हैं। समय के साथ साइबर क्राइम करने के तरीके बदल रहे हैं। उन्होंने बताया कि आपकी सहायता करने के लिए आपको यदि कोई बैंक, बिजली निगम, टेलीफोन एक्सचेंज, आयकर या किसी भी विभाग का कर्मचारी बताकर आपसे कोई जानकारी मांगता है तो आप उसे अपनी कोई भी जानकारी न दें। साइबर ठगों के निशाने पर हर वह आदमी है, जो किसी भी डिजिटल माध्यम से जुड़ा है। फिर चाहे वह इंटरनेट मीडिया हो या फिर इंटरनेट बैंकिंग। बदलते वक्त के साथ साइबर ठगों ने अपने पैंतरे भी बदले हैं। साइबर ठग इंटरनेट मीडिया के जरिये लोगों के पास किसी एप्लीकेशन के माध्यम से फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजते हैं। वह उनसे दोस्ती करके धीरे-धीरे उनके बारे में समस्त जानकारियां जुटा लेते हैं। उसके बाद शातिर उनको ठगी का शिकार बनाते हैं। कार्यक्रम में एनएसएस इकाई के कार्यक्रम अधिकारी डॉ. प्रियंका और प्रो. राम दत्त ने मुख्य वक्ता का आभार व्यक्त किया।