अंबेहड़ा धीरज पंचायत में निरीक्षण करते अधिकारी। संवाद
प्रधान पर सरकारी पैसे के दुरुपयोग के आरोपों के बाद पंचायत घर में पहुंच की कार्रवाई
रिकॉर्ड की शुरुआती जांच में सामने आईं कई गड़बड़ियां : सुशील
संवाद न्यूज एजेंसी
जोल (ऊना)। विकास खंड बंगाणा की ग्राम पंचायत अम्बेहड़ा धीरज में पंचायत प्रधान पर सरकारी पैसे के दुरुपयोग और गोलमाल के लगे आरोप के बाद अधिकारियों ने जांच तेज कर दी है। बुधवार को विकास खंड बंगाणा के बीडीओ सुशील शर्मा ने खुद पंचायत घर में पहुंचकर सारे रिकॉर्ड को कब्जे में लिया और आगामी कार्रवाई आरंभ कर दी। जानकारी के अनुसार पिछले कुछ समय से पंचायत में वेंडर लगातार विभाग से शिकायत कर रहे थे कि विभिन्न कार्यों के लिए पहुंचाई गई सामग्री, शटरिंग और मिक्सर आदि की पेमेंट नहीं हो रही है। वहीं, बाहरी वेंडर को पेमेंट समय-समय पर की जा रही है। वेंडर देशराज का कहना है कि उन्होंने लंबे समय से पंचायती के कार्यों के लिए शटरिंग, मिक्सर इत्यादि उपलब्ध करवाए लेकिन उनकी राशि की अदायगी नहीं की जा रही। वहीं, प्रभात कुमार का कहना है कि दो-तीन वर्षों से वह पंचायत में चाय पानी व राशन उपलब्ध करवाते हैं, उसकी अदायगी नहीं की गई। राजकुमार का कहना है कि उन्होंने विभिन्न कार्यों के लिए बिजली, प्लंबिंग का सामान पंचायत को दिया, लेकिन उनकी पूरी अदायगी नहीं की गई है। धमांदरी से आए ईंट भट्ठा मालिक ने बताया कि ढाई तीन वर्ष पहले उन्होंने करीब साढ़े तीन लाख की ईंटें पंचायत को उपलब्ध करवाईं लेकिन आज तक उनकी राशि का कोई भी अता-पता नहीं है। उनका कहना है कि इन्होंने हमारे हिस्से की राशि किसी दूसरे ईंट भट्ठा मालिक के खाते में डाल दी है और हमें प्रधान आए दिन यही कहते हैं कि आपकी ईंटों की राशि की अदायगी जल्द ही हो जाएगी। विकास खंड बंगाणा के अधिकारी सुशील शर्मा का कहना है कि अम्बेहड़ा पंचायत प्रधान के प्रति लगातार मिल रही शिकायतों के बाद बुधवार को पंचायत घर में पहुंचकर रिकॉर्ड की जांच की गई। इसमें कई गड़बड़ियां पाई गईं। उन्होंने विभागीय पंचायत इंस्पेक्टर को तीन दिन के भीतर पूरी रिपोर्ट ब्लॉक में दर्ज करने के आदेश दिए। वहीं, वेंडरों को जल्द से जल्द पेमेंट करने का आश्वासन भी दिया। बीडीओ बंगाणा सुशील शर्मा पंचायत में निरीक्षण के बाद जब सीमेंट स्टोर में जांच करने पहुंचे तो उन्होंने पाया कि जनवरी 2024 में जो सीमेंट आया था, उसका प्रधान ने सही ढंग से उपयोग नहीं किया। 47 के करीब सीमेंट की बोरियां खराब हो चुकी हैं। उन्होंने तुरंत प्रभाव से उसकी बरामदगी प्रधान से करने के निर्देश पारित कर दिए। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों में लेकर किसी भी प्रकार की कोई भी धांधली या कोताही बरतने वाले पंचायती राज के कर्मचारियों, अधिकारियों व प्रधानों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।