ऊना। मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी ऊना की अदालत ने एक अहम फैसले में रास्ता रोककर मारपीट करने के मामले में सभी आरोपियों मोहिंदर सिंह, जसविंदर, केवला रानी निवासी हरोली ऊना को आरोप मुक्त करते हुए बरी कर दिया। अधिवक्ता आशीष सचदेवा ने बताया कि नौ जुलाई 2013 को शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया था कि आरोपियों ने उसका रास्ता रोककर उसके साथ मारपीट की है। शिकायत पर हरोली पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ रास्ता रोकने और मारपीट का मामला दर्ज किया और मामले की जांच के बाद चालान कोर्ट में पेश किया। मामले को साबित करने के लिए अभियोजन पक्ष ने लगभग सात गवाहों के बयान न्यायालय में दर्ज करवाए और सबूत पेश किए और अदालत ने सभी सबूत और गवाहों को मद्देनजर रखते हुए आरोपियों के खिलाफ अपराध का साबित होना न पाया और सभी आरोपियों को बरी कर दिया। संवाद