सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. धनीराम शांडिल और वन एवं मत्स्य पालन मंत्री ठाकुर सिंह भरमौरी ने सायरी पंचायत के सेरीघाट में वन विश्राम गृह के अतिरिक्त भवन तथा सभागार की आधारशिला रखी।
इस भवन के निर्माण पर 77 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। वन एवं मत्स्य पालन मंत्री ने कहा कि वर्तमान में बेसहारा पशुओं और वानरों की समस्या से सभी को जूझना पड़ रहा है। इस दिशा में सरकार नियमित रूप से प्रयत्नशील है। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि दुधारू पशुओं को यथोचित स्थान दें और उनकी देखभाल का पूरा प्रयास करें।
वनों और गांवों के आसपास फल प्रजातियों के अधिक से अधिक वृक्ष लगाकर वानरों को शहर की ओर आने से रोका जा सकता है। सरकार यह सुनिश्चित कर रही है कि पौधे रोपते समय मिश्रित प्रजातियों को अधिमान दिया जाए। वनों में ही भोजन का प्रबंध होगा तो बंदर शहर और गांव की तरफ नहीं आएंगे। चार वर्षों में विभिन्न स्तरों पर बंदरों से निपटने के लिए प्रभावी कदम उठाए गए हैं। प्रदेश में आठ स्थानों पर वानर नसबंदी केंद्र स्थापित किए हैं। प्रदेश में एक लाख से अधिक वानरों की नसबंदी की जा चुकी है। वर्ष 2017-18 के बजट में वन विभाग के लिए 530 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है।
चार माह में निर्माण कार्य पूरा करें
वन मंत्री ने वन मंडल अधिकारी सोलन को निर्देश दिए कि वन विश्राम गृह सेरीघाट में दो कमरों और सभागार का निर्माण चार माह में पूरा किया जाए। उन्होंने स्थानीय गौसदन के पास लेंटाना घास को शीघ्र हटाने तथा यहां 60 प्रतिशत चारा प्रदान करने वाले पौधों और 40 फीसदी फलदार पौधे लगाने के निर्देश दिए। इस मौके पर वन मंत्री तथा सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री ने जन समस्याएं भी सुनीं। अधिकांश का मौके पर ही निपटारा कर दिया गया।
2356 करोड़ खर्च करेगा सामाजिक न्याय विभाग
डॉ. धनीराम शांडिल ने कहा कि अगले वित्त वर्ष में सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग 2356 करोड़ रुपये खर्च करेगा। इनमें से 418 करोड़ रुपये महिला एवं बाल विकास, 498 करोड़ रुपये अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति एवं अन्य पिछड़ा वर्ग तथा 1440 करोड़ रुपये जनजातीय विकास पर खर्च करने का प्रावधान है।
यह रहे मौजूद
इस दौरान पंचायत सायरी की प्रधान अंजू राठौर, पंचायत ममलीग की प्रधान द्रोपती, सतड़ोल की प्रधान सुखदेई तनवर, पशु कल्याण बोर्ड के सदस्य राजेंद्र ठाकुर, पौधना के प्रधान संजीव ठाकुर, ममलीग के उप प्रधान अजय ठाकुर, ममलीग की पूर्व प्रधान सत्या परिहार, विद्युत बोर्ड लिमिटेड के अधीक्षण अभियंता धीरज मितल, एसडीएम कंडाघाट नीलम दुल्टा, सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभाग के अधिशाषी अभियंता हेमंत तनवर, लोनिवि के अधिशाषी अभियंता अजय सोनी और अन्य वरिष्ठ अधिकारी तथा अन्य लोग मौजूद रहे।