दाड़लाघाट में श्री शिव महापुराण कथा के दौरान शिव-पार्वती विवाह प्रसंग का श्रवण करते श्रद्धालु।
संवाद न्यूज एजेंसी
दाड़लाघाट (सोलन) पंचायत दाड़लाघाट स्थित श्री बाडूबाड़ा देव प्रांगण में चल रही श्री शिव महापुराण कथा के दशम दिवस पर कथावाचक आचार्य हरि महाराज ने भगवान शिव और माता पार्वती के विवाह प्रसंग का भावपूर्ण वर्णन किया। बड़ी संख्या में श्रद्धालु कथा श्रवण के लिए उपस्थित रहे। अपने प्रवचन में आचार्य हरि महाराज ने बताया कि माता पार्वती की कठोर तपस्या और भक्ति से प्रसन्न होकर भगवान शिव ने उन्हें पत्नी रूप में स्वीकार किया। देवताओं की उपस्थिति में यह दिव्य विवाह संपन्न हुआ, जो भक्ति, समर्पण और आदर्श गृहस्थ जीवन का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि यह प्रसंग जीवन में धैर्य, विश्वास और संयम का संदेश देता है। पंचायत प्रधान दाड़लाघाट एवं मंदिर कमेटी सचिव श्याम सिंह चौधरी ने बताया कि श्री शिव महापुराण कथा का आयोजन 17 जून तक जारी रहेगा। प्रतिदिन प्रातः 5 बजे से 8 बजे तक मूल पाठ, दोपहर 1 बजे से 4 बजे तक कथा प्रवचन तथा रात्रि 8 बजे से भजन-कीर्तन का आयोजन किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि 17 जून बुधवार को महायज्ञ एवं पूर्णाहुति के साथ कथा का समापन होगा तथा शिवलिंग प्रतिष्ठा भी संपन्न की जाएगी।