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Solan News: नवरात्र के लिए मंदिर सजे, सुबह नौ बजे से होगी कलश स्थापना

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मां शूलिनी मंदिर को रंग-बिरंगी लाइटों से सजाया
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सुरक्षा व्यवस्था भी चाक-चौबंद, पुलिसकर्मी तैनात
कतार में लगकर भक्तजन कर सकेंगे मां शूलिनी के दर्शन
संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। शारदीय नवरात्र को लेकर जिलेभर में मंदिर सज गए हैं। मंदिर परिसर को फूल-मालाओं और रंग-बिरंगी लाइटों से भव्य रूप से सजाया गया है। सोमवार सुबह से ही मंदिर में लोग कतारों में लगकर दर्शन कर सकेंगे।
मंदिरों में सोमवार सुबह 9:00 बजे से कलश स्थापना का शुभ मुहूर्त शुरू हो जाएगा। कलश की स्थापना लोग सुबह 11:30 बजे तक कर सकते हैं। वहीं अधिष्ठात्री मां शूलिनी मंदिर को भी मंदिर प्रबंधन की ओर से रंग-बिरंगी लाइटों से सजाया गया है।
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मंदिर सुबह 5:00 बजे पूजा के साथ ही खुल जाएगा। नवरात्र को लेकर सुरक्षा व्यवस्था भी चाक-चौबंद कर दी गई है। मंदिर परिसर के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की जाएगी। इसके साथ ही चार सुरक्षा कर्मियों की तैनाती भी की गई है। मंदिर में लोगों को कतार लगाकर दर्शन करने का जिला प्रशासन ने आग्रह किया है।
मंदिर परिसर के आसपास साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखा जाएगा। नगर निगम की सफाई टीम को मंदिर परिसर के आसपास साफ-सफाई रखने के निर्देश दिए गए हैं। धर्मपुर के मां मनसा देवी मंदिर को भी सजाया गया है, जहां भक्तजन मां के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त कर सकते हैं।
ये है कलश स्थापना की सामग्री
मिट्टी या पीतल का कलश, गंगाजल, जौ, आम के पत्ते, अशोक के पत्ते, केले के पत्ते, सात प्रकार के अनाज, जटावाला नारियल, गाय का गोबर, गाय का घी, अक्षत्, धूप, दीप, रोली, चंदन, कपूर, माचिस, रुई की बाती, लौंग, इलायची, पान का पत्ता, सुपारी, फल, लाल फूल, माला, पंचमेवा, रक्षासूत्र, सूखा नारियल, नैवेद्य, मां दुर्गा का ध्वज या पताका, दूध से बनी मिठाई के साथ कलश की स्थापना की जा सकती है।
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सोमवार को पहला नवरात्र है। इस दिन मां शैलपुत्री की पूजा की जाएगी। आज से भक्तजन व्रत भी रख सकेंगे। नौ दिन तक भक्तजन मां के अलग-अलग रूप में पूजा-अर्चना करेंगे।
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